कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने सोमवार को नरेंद्र मोदी सरकार पर जमकर हमला बोला है। उन्होंने भारत जोड़ो यात्रा के क्रम में महाराष्ट्र के हिंगोली में आयोजित एक जनसभा में मोदी सरकार पर आरोप लगाया कि सशस्त्र बलों के लिए 'अग्निपथ' भर्ती प्रक्रिया, नोटबंदी और केंद्र द्वारा तैयार की गई वस्तु एवं सेवा कर नीतियों का उद्देश्य लोगों को भड़काना है। उन्होंने कहा कि इन सबको लेकर देश के मध्यमवर्गीय लोगों में डर पैदा हो रहा है।
मोदी सरकार पर लगाए गंभीर आरोप
उन्होंने अपनी भारत जोड़ो यात्रा के 68वें दिन आरोप लगाते हुए कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री 'मेड इन चाइना' उत्पाद चाहते हैं क्योंकि इससे देश के 'दो-तीन अरबपतियों' को फायदा होगा। राहुल ने कहा कि 'नरेंद्र मोदी जी क्या कर रहे हैं? वे (भाजपा) भय, हिंसा और घृणा फैलाने की कोशिश कर रहे हैं। नोटबंदी हो, अग्निवीर, जीएसटी ... उनकी सभी नीतियां केवल लोगों को डराती हैं। जहां डर होता है, वहां नफरत पैदा होती है। जो समाज को विभाजन की ओर ले जाती है। इसके बाद भी पीएम कहते हैं कि वे देशभक्त हैं।'
आरएसएस पर भी कसा तंज
इस दौरान राहुल गांधी ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) पर भी तंज कसा। उन्होंने कहा कि आरएसएस की देशभक्ति क्या है? किसानों का कर्ज माफ नहीं करना देशभक्ति है, गलत जीएसटी लागू करना देशभक्ति है, देश में नफरत फैलाना देशभक्ति है, बेरोजगारी देशभक्ति है, और महंगाई देशभक्ति है। यह भारत की नहीं बल्कि आरएसएस की देशभक्ति है।
केरल के वायनाड से सांसद राहुल गांधी ने आरोप लगाते हुए कहा कि 2016 में नोटबंदी के बाद 2017 में केंद्र सरकार दोषपूर्ण जीएसटी ले आई। उन्होंने कहा कि दुकानदारों और छोटे और मध्यम व्यवसायों पर हमला करने के लिए केंद्र ने इन सबको हथियार की तरह प्रयोग किया। केंद्र की ये नीतियां डर पैदा करने के लिए बनाई गई थीं क्योंकि मोदी सरकार नफरत पैदा करना चाहती हैं। वे लोगों को बांटना और हिंसा फैलाना चाहते हैं ताकि वास्तविक मुद्दों से जनता का ध्यान हटा रहे।
पायलट ने एआईसीसी महासचिव केके वेणुगोपाल के साथ की चर्चा
वहीं, दूसरी ओर कांग्रेस नेता और राजस्थान के पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट ने सोमवार को एआईसीसी महासचिव (संगठन) के सी वेणुगोपाल के साथ मुलाकात की। सूत्रों ने इस मुलाकात के बारे में बताया कि इस दौरान पायलट ने उनसे राजस्थान की राजनैतिक स्थिति पर भी चर्चा की। दोनों के बीच यह अनौपचारिक मुलाकात भारत जोड़ो यात्रा को लेकर हुई एक बैठक के मौके पर हुई। गौरतलब है कि ये मुलाकात उस समय हुई है जब राजस्थान में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले संभावित बदलाव को लेकर पार्टी में अटकलें लगाई जा रही हैं।
गौरतलब है कि सात सितंबर को तमिलनाडु के कन्याकुमारी से शुरू हुई कांगएस की भारत जोड़ो यात्रा अब तक छह राज्यों के 28 जिलों को कवर कर चुकी है। कांग्रेस की यह जन संपर्क पहल 20 नवंबर को मध्य प्रदेश में प्रवेश करने से पहले महाराष्ट्र के पांच जिलों में 382 किलोमीटर की दूरी तय करेगी। करीबन 150 दिनों में 3,570 किलोमीटर की दूरी तय करने के बाद जनवरी में जम्मू-कश्मीर में समाप्त होने से पहले 12 राज्यों से होकर गुजरेगी।