हमले का विरोध कर रहे लोग
- फोटो : amar ujala
जयपुर शहर के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस की द्वितीय वर्ष की चार कश्मीरी छात्राओं के खिलाफ रविवार को राजद्रोह का मामला दर्ज किया गया है। इसके अगले दिन इंस्टीट्यूट ने इन्हें सोशल मीडिया पर राष्ट्र विरोधी पोस्ट करने के चलते सस्पेंड भी कर दिया।
शुक्रवार को चारों आरोपी लड़कियों तलवीर मंजूर, इकरा, जोहरा नजीर और उल्मा लायर ने कथित तौर पर अपने व्हाट्सएप स्टेटस पर जश्न मनाने की तस्वीर पोस्ट की थी और ये सभी पाकिस्तान समर्थित नारे भी लगा रही थीं।
शनिवार को बंगलूरू में नर्सिंग के तीन छात्रों वकार अहमत उर्फ हैरिस मसूर (19), गौहर मुस्ताक (21) और जाकिर मकबूल (23) को गिरफ्तार किया गया है। इन्होंने कथित तौर पर फेसबुक पर राष्ट्र विरोधी मैसेज पोस्ट किए थे। इन मैसेजों में ये सभी भारतीय सेना की निंदा कर रहे थे और आतंकी आदिल का समर्थन कर रहे थे। जब मामला एनआईए के ध्यान में आया तो उसके निर्देश पर इनके खिलाफ गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम 1967 के तहत मामला दर्ज किया गया।
असम के गुवाहाटी जिले में भी निजी कॉलेज के प्रोफेसर के खिलाफ मामला दर्ज हुआ है। पुलवामा हमले पर उसने भड़ाकऊ फेसबुक पोस्ट किया था, जिसमें उसने भारतीय सेना के बारे में बुरा भला कहा। तुरंत कार्यवाही करते हुए बैनर्जी को कॉलेज से सस्पेंड कर दिया गया। पुलिस अब उससे पूछताछ कर रही है।
हिमाचल की चितकारा यूनिवर्सिटी से शनिवार को कश्मीरी छात्र ताहसिन गुल को गिरफ्तार किया गया है। उसने आतंकी आदिल के प्रति सहानुभूति दिखाई थी। आरोपी गुल को शनिवार को कोर्ट सामने पेश किया गया और 28 फरवरी तक के लिए न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।