बैरक में पिटाई से आहत एक बंदी बृहस्पतिवार की सुबह जेल में न सिर्फ पेड़ पर चढ़ गया बल्कि अपनी प्रेमिका को बुलाने की जिद के साथ ही उसने अपने दाहिने हाथ की नस काट ली। जेलर के आश्वासन पर आधे घंटे बाद नीचे उतरे बंदी को अस्पताल पहुंचाया गया। वहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे छुट्टी दे दी गई। सुरक्षा के लिहाज से बंदी की बैरक बदल दी गई है।
गोला, गोपालपुर का रहने वाला राकेश यादव रेप के मामले में चार महीने पहले जेल भेजा गया था। वह बैरक नंबर नौ में था। बृहस्पतिवार की सुबह 8:30 बजे वह जेल परिसर में स्थित पीपल के पेड़ पर चढ़ गया। राकेश का आरोप है कि बैरक के बंदी बेवजह उसकी पिटाई करते हैं। प्रेमिका के बारे में बात करने से मना करते हैं।
इसी धुन में उसने प्रेमिका को बुलाने की मांग करते हुए अपने दाहिने हाथ की नस काट ली। घटना की जानकारी मिलने के बाद पहुंचे जेलर आरके सिंह ने राकेश से बातचीत की। प्रेमिका को बुलाने का आश्वासन देकर आधे घंटे बाद उसे नीचे उतरने पर राजी कर लिया। जेलर ने बताया कि पिटाई की शिकायत पर राकेश की बैरक बदल दी गई है। उसके घरवालों को भी घटना की जानकारी दे दी गई है।