जी20 शिखर सम्मेलन में शामिल होने के लिए सितंबर में चीन जा रहे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी यहां चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग और अमेरिका के राष्ट्रपति बराक ओबामा से द्विपक्षीय वार्ता कर सकते हैं। दोनों नेताओं के साथ वार्ता के दौरान पीएम मोदी एनएसजी में भारत को शामिल करने को लेकर बात हो सकती है। पीएम मोदी के रूसी राष्ट्रपति ब्लादिमीर पुतिन से मिलने के भी आसार हैं। विदेश मंत्रालय के सूत्रों ने इसकी जानकारी दी।
11वां जी20 शिखर सम्मेलन इस बार तीन-चार सितंबर को चीन के ह्वांग्झू शहर में हो रहा है। सम्मेलन के इतर प्रधानमंत्री मोदी यहां चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग से वार्ता करेंगे। दोनों नेताओं की यह मुलाकात ऐसे समय में हो रही है, जब चीन एनएसजी में भारत के प्रवेश के विरोध में खड़ा है और चीनी सैनिकों के भारतीय सीमा में घुसपैठ की खबरों को लेकर दोनों देशों के बीच माहौल बिगड़ा है।
पीएम मोदी इस दौरान भारत-चीन के बीच बिगड़े माहौल को सुधारने की पहल कर सकते हैं। सूत्रों की मानें तो वार्ता में दोनों नेताओं के बीच परमाणु आपूर्तिकर्ता समूह (एनएसजी) में भारत को शामिल करने को लेकर भी बात हो सकती है।
शी जिनपिंग के अलावा भारतीय प्रधानमंत्री अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा से भी यहां वार्ता करेंगे। ओबामा से भी पीएम मोदी एनएसजी में भारत को शामिल करने, आतंकवाद की चुनौती से निपटने और अन्य कई मुद्दों पर वार्ता करेंगे।
सूत्रों की मानें तो दोनों नेताओं के बीच यह मुलाकात अमेरिका के उप-राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार एडवेल वैली एडेमो के दो दिवसीय भारत दौरे के बाद तय की गई है। दो दिवसीय दौरे के दौरान एडेमो ने वित्त मंत्री अरुण जेटली, ऊर्जा मंत्री पियुष गोयल और पीएमओ व विदेश मंत्रालय के अधिकारियों से मुलाकात की थी। सूत्रों ने बताया कि पीएम मोदी की ओबामा से मुलाकात के पहले रक्षा मंत्री मनोहर परिकर अगस्त में अमेरिकी दौरे पर जाएंगे। हालांकि दौरे की तारीख अभी तय नहीं है।