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शीला की नई सियासी पारी में रोड़ा बन सकता है टैंकर घोटाला

Sat, 18 Jun 2016 02:50 AM IST
शादाब रिजवी/ अमर उजाला, नई दिल्ली
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ब्राह्मण होने, यूपी कनेक्शन और दिल्ली में विकास कार्यों की वजह से शीला को यूपी में तवज्जो - फोटो : PTI
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दिल्ली का करीब 400 करोड़ का टैंकर घोटाला पूर्व सीएम  शीला दीक्षित की नई सियासी पारी खेलने में रोड़ा बन सकता है।  शीला दीक्षित  का नाम जोरशोर से  कांग्रेस की तरफ से यूपी में बतौर सीएम और पंजाब के  प्रभारी के तौर पर कई दिन से चल रहा है। सोनिया गांधी से उनकी मुलाकात के भी कई मायने  निकाले जा रहे हैैं।
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कुल मिला कर कांग्रेस की दिक्कतें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं।  पंजाब के प्रभारी बनाए गए कमलनाथ को विपक्ष के हमले के बाद पद छोड़ना पड़ा।  हरियाणा में 14 विधायकों की पार्टीलाइन से अलग और यूपी में कई विधायकों की क्रॉस वोटिंग से भी पार्टी की काफी किरकिरी हुई है। यूपी में अपनी खोई  जमीन हासिल के लिए कांग्रेस की तरफ से  शीला दीक्षित का नाम सामने  आ रहा था।

इसके पीछे शीला का ब्राह्मण होना, उनका यूपी कनेक्शन  और दिल्ली में  कराया विकास आधार बन रहा था। बृहस्पतिवार को  ही शीला का नाम तेजी से सीएम  के लिए उछला और इसी दिन  उनके खिलाफ 400 के टैंकर घोटाले में  आरोपी होने  के कारण  जांच शुरू कर दी गई।  हालंकि शीला दीक्षित ने शुक्रवार को साफ कर दिया कि टैंकर खरीद की प्रक्रिया में भाजपा  भी शामिल थी।  कोई गड़बड़ नहीं हुई है।  मेरे ऊपर लगाए गए सभी आरोप गलत हैं।   लेकिन माना जा रहा है कि आम आदमी पार्टी के कड़े तेेवर से इस मामले का आसानी से समाप्त होने की उम्मीद  कम ही है।
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जानकारों  का मानना है कि इस घोटाले  में आरोपी बनने  के बाद कांग्रेस एक नए विवाद से बचने के लिए शीला को बड़ी जिम्मेदारी देगी यह संभावना कम ही है। पहले माना जा रहा था कि एक दो दिन में  शीला को यूपी या पंजाब में  जिम्मेदारी सौपी जा सकती है। 

सूत्रों की मानें तो शीला दीक्षित की कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात के भी अब कई मायने निकाले जा रहे हैं।  कांग्रेस के एक खेमे  का मानना है कि सोनिया गांधी को शीला दीक्षित ने टैंकर घोटाले पर अपनी सफाई  दी। जबकि कुछ लोगों  का मानना है कि मुलाकात का विषय यूपी और पंजाब में जिम्मेदारी सौंपने  पर चर्चा रहा।

माना जा रहा है कि कांग्रेस के यूपी प्रभारी  गुलाम नबी आजाद ने भी बृहस्पतिवार को टैंकर घोटाला उछलने के बाद  बयान दिया था। जिसमें कहा था कि यूपी में सीएम के  चेहरे के साथ कांग्रेस उतरेगी जरूर लेकिन  अभी किसी का नाम फाइनल नहीं किया गया है।
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Published By Rahul Sankrityayan
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