अपने विवादित बयानों को लेकर अक्सर चर्चा में रहने वाली प्रज्ञा ठाकुर ने इस बार महात्मा गांधी के हत्यारे को 'देशभक्त' बता दिया है। उन्होंने लोकसभा में बुधवार को नाथूराम गोडसे को 'देशभक्त' करार दिया है। उनके इस बयान का कांग्रेस ने कड़ा विरोध किया है।
वहीं मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ ने बीजेपी सांसद प्रज्ञा ठाकुर के बयान पर जवाब देते हुए कहा कि, मोदी जी और अमित शाह जी को इसके बारे में सोचना चाहिए और ऐसा फैसला लेना चाहिए जो राष्ट्र के हित में हो।
छत्तीसगढ़ के सीएम भूपेश बघेल ने कहा कि प्रज्ञा ठाकुर हमेशा गोडसे के पक्ष में बोलती हैं। भाजपा को स्पष्ट करना चाहिए कि उनकी पार्टी गांधी के साथ हैं या गोडसे के साथ। मुंह में गांधी और दिल में गोडसे नहीं चलेगा।
हालांकि, बाद लोकसभा में भाजपा सांसद द्वारा महात्मा गांधी के हत्यारे नाथूराम गोडसे को 'देशभक्त' कहने वाला बयान सदन की रिकॉर्डिंग से हटा दिया गया। लोकसभा सचिवालय संचार ने यह जानकारी दी।
पार्टी प्रवक्ता जीवीएल नरसिम्हा राव ने कहा कि प्रज्ञा को इससे पहले वाले बयान पर नोटिस दिया गया था। अब उनके द्वारा एक बार फिर से इस बयान को दोहराना बापू का अपमान तो है ही ये पार्टी का भी अपमान है। उन्होंने कहा कि इसे हल्के में नहीं लिया जा सकता है। अगर पार्टी के नेता अनुशासित नहीं रहेंगे तो कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि वह पूरे देश को आश्वासन देना चाहते हैं कि इस मामले में कार्रवाई होगी।
लोकसभा में द्रमुक सांसद ए. राजा ने एसपीजी संशोधन विधेयक पर चर्चा के दौरान नकारात्मक मानसिकता को लेकर गोडसे का उदाहरण दिया। इसके विरोध में प्रज्ञा ने खड़े होकर कहा, 'देशभक्तों का उदाहरण मत दीजिए।' इसके बाद कांग्रेस सांसदों ने इसका पुरजोर विरोध किया।
राजा ने कहा कि गोडसे ने खुद स्वीकार किया था कि पिछले 32 साल से गांधी के खिलाफ द्वेष पाले हुए था और इसी वजह से उसने उनकी हत्या की। उन्होंने कहा कि गोडसे ने गांधी को इसलिए मारा क्योंकि वह विशेष विचारधारा में विश्वास रखता था।
प्रज्ञा को चुप कराने आगे आए भाजपा सांसद
प्रज्ञा ठाकुर के विवादित बयान के बाद जब विपक्ष ने विरोध जताना शुरू किया तो भाजपा सांसदों ने ही उन्हें बैठने के लिए कहा।
पहले भी बता चुकीं 'देशभक्त'
प्रज्ञा सिंह पहले भी नाथूराम गोडसे को ‘देशभक्त’ बता चुकी है, जिसको लेकर विवाद खड़ा हो गया था।
आतंकियों को सरंक्षण दे रही कांग्रेस : प्रज्ञा
लोकसभा में प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने 1984 की भोपाल त्रासदी का जिक्र करते हुए कांग्रेस पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि एंडरसन (यूनियन कार्बाइड के चेयरमैन) आतंकी के भेष में आया था। एक विदेशी यहां आता है और हजारों लोगों को मार दिया। अभी भी बहुत से लोग इसका दंश झेल रहे हैं। इसके बाद कांग्रेस ने उसे देश से भगाने में मदद की। यह आतंकवाद है। प्रज्ञा ठाकुर ने कहा, 'वे (कांग्रेस) मुझे आतंकी कहते हैं, लेकिन ये वो हैं जो आतंकियों को बचाते हैं। भोपाल में 34 साल के बाद भी लोग परेशान हैं। लोग काम करने की स्थिति में नहीं हैं।'
कांग्रेस ने मोदी पर साधा निशाना
प्रज्ञा ठाकुर की टिप्पणी पर कांग्रेस प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा है। उन्होंने ट्वीट कर कहा, 'भारत गांधी जी की 150वीं जयंती मना रहा है। मगर आतंकवाद फैलाने की आरोपी भाजपा सांसद प्रज्ञा ठाकुर संसद में गोडसे को 'देशभक्त' बता रही है। इस मुद्दे पर मोदी जी की चुप्पी बताती है कि वह भी गोडसे पर इसी सोच का समर्थन करते हैं। देश उन्हें माफ नहीं करेगा।'