पुराने गोवा में एक चर्च के पास हेरिटेज स्थल पर पुर्तगाली काल के तोप के गोले मिले हैं। ASI के निर्देश के बाद पर्यटन विभाग ने तुरंत प्रभाव से काम पर अस्थायी रूप से रोक लगा दी है। वहीं, स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि पर्यटन विभाग यहां एक मॉल का निर्माण कर रहा है, जिसे विभाग ने खारिज कर दिया है।
गोवा में एक हेरिटेज स्थल पर पुर्तगाली काल के तोप के गोले मिले हैं, जिसके बाद भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) के निर्देश पर पर्यटन विभाग ने वहां चल रहे काम को अस्थायी रूप से रोक दिया है।
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अधिकारियों के अनुसार, यह काम पुराने गोवा में एक चर्च के पास चल रहा था, जिसका उद्देश्य केंद्र सरकार की प्रसाद (तीर्थ कायाकल्प और आध्यात्मिक संवर्धन) योजना के तहत पर्यटन को बढ़ावा देना था। इस योजना के तहत पर्यटक सुविधा केंद्र, पार्किंग स्थल और अन्य सुविधाओं का निर्माण करना था।
निकासी कार्य के दौरान मिले तोप के गोले
एएसआई के सहायक अधीक्षण पुरातत्वविद् डॉ. किशोर रघुवंश ने सोमवार को इस संबंध में संवाददाताओं से बात की। इस दौरान उन्होंने बताया कि निकासी कार्य के दौरान ये तोप के गोले मिले। इस घटना के बाद, एएसआई ने पर्यटन विभाग को फोटोग्राफी, रेखाचित्र और रिपोर्ट के माध्यम से उचित दस्तावेजीकरण करने के लिए काम रोकने का निर्देश दिया। रघुवंश ने कहा, 'यह प्रक्रिया चल रही है और इसमें कुछ समय लगने की उम्मीद है।'
स्थानीय लोगों का आरोप- हेरिटेज साइट के पास बनाया जा रहा मॉल
इसके अलावा, स्थानीय लोगों ने रविवार को पुरातत्व स्थल पर पेड़ों की कटाई और खुदाई के काम पर आपत्ति जताते हुए विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने दावा किया कि राज्य सरकार हेरिटेज साइट के पास एक मॉल बना रही है।
इलाके में नहीं बनाया जा रहा मॉल: नाइक
स्थानीय लोगों के आरोप के बाद सोमवार को गोवा पर्यटन निदेशक केदार नाइक ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की। इस दौरान उन्होंने बताया कि इलाके में कोई मॉल नहीं बनाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि यह परियोजना आगंतुकों के अनुभव को बेहतर बनाने के लिए डिजाइन की गई है। साथ ही क्षेत्र के हेरिटेज महत्व को संरक्षित रखने का ध्यान रखा जा रहा है।
एएसआई की मंजूरी के बाद फिर शुरू होगा काम
केदार नाइक ने कहा कि एएसआई के निर्देशों के बाद काम को अस्थायी रूप से रोक दिया गया है। एएसआई की मंजूरी मिलने के बाद काम फिर से शुरू किया जाएगा।