राज्यसभा के सभापति एम वेंकैया नायडू
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सभापति एम वेंकैया नायडू ने मंगलवार को राज्यसभा में कहा कि यह वास्तव में अच्छा होगा यदि केंद्र और राज्य सरकारें कानूनों को लागू करने के लिए अध्यादेश मार्ग का पालन नहीं करने पर राजी हों। उन्होंने आगे जोर दिया कि इसके लिए राजनीतिक सहमति की जरूरत होगी। के लिए सहमत हैं, लेकिन जोर दिया कि इसके लिए राजनीतिक सहमति की आवश्यकता है।
नायडू ने कहा, पार्टियों का यह रवैया कि जब हम सत्ता में होेंगे अध्यादेश लाएंगे और जब दूसरा सत्ता में होगा तो अध्यादेश का विरोध करेंगे, किसी सूरत में भी ठीक नहीं है। नायडू ने यह टिप्पणी विपक्ष द्वारा केंद्र के अध्यादेश लाने का विरोध करने पर की।
सभापति ने कहा, अध्यादेश लाने के तंत्र में लोकतंत्र की भावना को समझा जाना चाहिए और जहां तक संभव हो सरकार को कानून बनाने के लिए विधायी प्रक्रिया में वापस आना चाहिए। भाकपा नेता बिनय विश्वम ने आरोप लगाया कि मौजूदा सरकार संसद को दरकिनार करने की प्रवृत्ति के साथ कानून लाने के लिए अध्यादेश का रास्ता अपना रही है।
सरकार क्रिप्टोकरंसी पर जल्द लाएगी विधेयक
वित्त राज्यमंत्री अनुराग ठाकुर ने मंगलवार को राज्यसभा में बताया कि सरकार बहुत जल्द क्रिप्टोकरेंसी को लेकर एक विधेयक लाएगी। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे से जुड़ी चिंताओं के निवारण के लिए मौजूदा कानून पर्याप्त नहीं हैं।
एक सवाल के जवाब ने बताया कि आरबीआई और सेबी जैसी नियामक संस्थाओं के पास क्रिप्टोकरेंसी के मामलों को निपटाने के लिए पर्याप्त कानूनी तंत्र नहीं है। ये न तो मुद्राएं है, न ही संपत्तियां और न ही परिसंपत्तियां ऐसे में इनको विनियमित करना मुश्किल होता है।