फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कुवैत में तमिलनाडु की महिला को बचाया गया: वीडियो में बताई ज्यादती की कहानी; एजेंट ने कैसे दिया था धोखा?

Fri, 04 Sep 2026 11:54 PM IST
निर्मल कांत पीटीआई, कल्लाकुरिची (तमिलनाडु)।

सार

कुवैत में फंसी तमिलनाडु की वनिता ने तंग कमरे से वीडियो बनाकर मदद की गुहार लगाई। वीडियो में वनीता ने नियोक्ता पर भूखा रखने, वेतन नहीं देने और जान का खतरा बताया। वीडियो वायरल होने के बाद भारतीय दूतावास ने महिला को बचाया, लेकिन नौकरी दिलाने वाले एजेंट कैसे धोखा दिया? पढ़िए रिपोर्ट
विज्ञापन
पीड़ित महिला - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

तमिलनाडु के कल्लाकुरिची जिले की पुलिस ने शुक्रवार को एक स्थानीय रोजगार एजेंट के खिलाफ मामला दर्ज किया। आरोप है कि इस एजेंट ने एक घरेलू कामगार महिला के साथ धोखा किया था। यह महिला कुवैत में फंसी हुई थी। उसने एक वीडियो बनाकर मदद मांगी थी।
विज्ञापन


वीडियो में उसने बताया था कि उसे बहुत ज्यादा प्रताड़ित किया जा रहा है। इस वीडियो के बाद उसे कुवैत में बचा लिया गया। महिला का मदद मांगने वाला वीडियो तेजी से वायरल हुआ। इसके बाद अधिकारियों ने शुक्रवार को तुरंत मामले में दखल दिया।

महिला ने वीडियो में क्या बताया?
वीडियो में महिला ने अपना नाम वनिता बताया। उसने अपनी जान बचाने की गुहार लगाई। उसने बताया कि उसके साथ बहुत ज्यादा क्रूरता की जा रही थी। उसे खाना नहीं दिया जा रहा था। उसके पैसे भी नहीं दिए गए थे।
विज्ञापन


महिला ने बताया कि कुवैत में उसके विदेशी नियोक्ता यानी जिन लोगों के घर में वह काम कर रही थी, उन्होंने उसके साथ ऐसा किया। इसके बाद वनिता ने एक और वीडियो जारी किया। माना जा रहा है कि यह वीडियो भारतीय दूतावास के अंदर बनाया गया था। 

दूतावास पहुंचने के बाद क्या कहा?
वनिता ने कहा, मैं वनिता हूं। मैंने खुद को बचाने के लिए भारतीय दूतावास से मदद मांगी थी। अब मैं भारतीय दूतावास में हूं। भारतीय दूतावास को धन्यवाद। अब मेरे पास अच्छे कपड़े हैं और अच्छा खाना भी मिल रहा है। 

वनिता दो बच्चों की मां है। उसने अपना पहला मदद मांगने वाला वीडियो एक छोटे और तंग कमरे से बनाया था। उस समय उसका सिर ढका हुआ था। उसने बताया कि वह तीन महीने पहले कुवैत गई थी। लेकिन पिछले दो महीने से उसे उसका वेतन नहीं दिया गया था। 

ये भी पढ़ें: बीएसएनएल अफसरों का कारनामा: अवैध रूप से भेजे 63.37 करोड़ एसएमएस; निगम को लगा 5.42 करोड़ का चूना

उसने हाथ जोड़कर कल्लाकुरिची के जिला कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक से सीधे मदद मांगी। उसने अधिकारियों से कहा कि उसे बचाया जाए। उसे डर था कि उसके नियोक्ता उसे मार सकते हैं। वीडियो इंटरनेट पर तेजी से वायरल होने लगा। इसके बाद तमिलनाडु के अधिकारियों ने वनिता के परिवार का पता लगा लिया। 

एजेंट पर क्या आरोप लगाया?
महिला की मां वेन्निला ने जिला प्रशासन में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने शिकायत में कहा कि रोजगार एजेंट ने उनकी बेटी को विदेश में घरेलू काम के बारे में धोखा दिया था। एजेंट ने काम की प्रकृति और उसकी सुरक्षा को लेकर उनकी बेटी को गलत जानकारी दी थी।
विज्ञापन


पुलिस ने क्या कार्रवाई की?
कल्लाकुरिची की पुलिस अधीक्षक शहनाज ने मामले की पुष्टि की। उन्होंने बताया कि जिला अधिकारियों ने वीडियो के आधार पर परिवार की पहचान की पुष्टि की। वेन्निला की शिकायत के आधार पर रोजगार एजेंट के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। स्थानीय पुलिस ने एजेंट के खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी शुरू कर दी है।
 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें