पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) घोटाले का आरोपी और भगोड़ा कारोबारी मेहुल चोकसी के प्रत्यर्पण को लेकर डोमिनिका की अदालत में आज यानी बुधवार को सुनवाई होगी।अगर चोकसी को भारत प्रत्यर्पित किया जाता है तो उसे भारत लाने की जिम्मेदारी सीबीआई महिला अधिकारी शारदा राउत की होगी। आईपीएस शारदा राउत ने पंजाब नेशनल बैंक यानी पीएनबी मामले की जांच की अगुवाई की थी। वहीं अब शारदा राउत डोमिनिका से मेहुल चोकसी को वापस लेने गई 6 सदस्यीय सीबीआई टीम का नेतृत्व कर रही हैं।
डोमनिका पहुंची 6 सदस्यीय टीम में सीबीआई, प्रवर्तन निदेशालय और सीआरपीएफ के दो- दो सदस्य शामिल हैं। बैकिंग फ्रॉड मामलों में सीबीआई की महिला अधिकारी शारदा राउत इस टीम की अहम सदस्य हैं। इन्होंने ही पीएनबी धोखाधड़ी मामले की जांच की अगुवाई की थी। महिला आईपीएस अधिकारी शारदा राउत का जन्म महाराष्ट्र के नासिक जिले में हुआ। वह 2005 बैच की आईपीएस अधिकारी हैं। उनके काम करने का एक अलग ही स्टाइल है।
काम के लिए महकमे में होती है प्रशंसा
महाराष्ट्र के पालघर जिले में एसपी रहते हुए शारदा राउत ने क्राइम पर काफी हद तक कंट्रोल कर लिया था। नागपुर, मीरा रोड, नंदुबार, कोल्हापुर, मुंबई कई जगहों पर इनकी पोस्टिंग रही। अपने काम के प्रति उनकी जो ईमानदारी है, उसकी तारीफ उनके महकमे में भी होती है।
क्या है मामला
बता दें कि भगोड़ा कारोबारी मेहुल चोकसी 23 मई की शाम को एंटीगुआ स्थित अपने घर से गायब हो गया था। इसके बाद उसके लापता होने की रिपोर्ट भी दर्ज की गई थी। हालांकि, उसके पहचान के एक शख्स ने दावा किया था कि वो क्यूबा भाग गया है। मेहुल चोकसी एंटीगुआ का नागरिक है और वो पानी के रास्ते भागने की फिराक में था, लेकिन जैसे ही वो डोमिनिका पहुंचा, उसे अधिकारियों ने पकड़ लिया।
इसके बाद एंटीगुआ के प्रधानमंत्री गैस्टन ब्राउने ने डोमिनिका की कोर्ट से चोकसी को सीधे भारत भेजने का आग्रह किया था। उन्होंने यह भी आशंका जताई थी कि डोमिनिका में मेहुल गर्लफ्रेंड के चक्कर में पकड़ा गया। वहीं पीएनबी घोटाले का आरोपी चोकसी के वकीलों ने डोमिनिका की कोर्ट में बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका डाली थी। 28 मई को डोमिनिका की अदालत ने चोकसी की याचिका का स्वीकार करते हुए सुनवाई पूरी होने तक उसे देश में ही रखने का आदेश दिया था। डोमिनिका की अदालत में बुधवार को चोकसी के प्रत्यर्णप को लेकर सुनवाई होगी।