वहीं, भाजपा नेता प्रेम शुक्ला कहते हैं कि आज़ादी के समय राजनीतिक दलों की संस्कृति लोगों की सेवा ही हुआ करती थी, लेकिन गांधी परिवार ने इस राजनीतिक संस्कृति को नष्ट करने का काम किया है। कांग्रेस ने सत्ता से धन पैदा करने और फिर धन से सत्ता हासिल करने का पाठ लोगों को सिखाया। यही कारण है कि आजादी के काल के बाद राजनीतिक दलों के चरित्र में बदलाव आता गया।
उन्होंने कहा कि वर्तमान केंद्र सरकार के द्वारा अन्त्योदय योजना को जमीन पर उतारने की कोशिश की जा रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमित शाह के नेतृत्व में एक-एक योजना गरीबों के हित के लिए बनी है और उसे निभाने की कोशिश हो रही है।
सत्ता में रहने के बाद भी पार्टी ने लगातार कार्यकर्ताओं को किसी न किसी क्षेत्र में लोगों की मदद के लिए झोंक रखा है। अन्य दल भी इसकी देखादेखी लोगों की मदद के लिए सामने आ रहे हैं। निश्चय ही यह बदलाव देश की राजनीतिक व्यवस्था में एक बड़ा बदलाव करने वाला साबित होगा।
डिजिटल बुक तैयार करने को कहा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सभी राज्यों के भाजपा संगठन के पदाधिकारियों को 25 सितंबर तक अपने कामकाज का डिजिटल स्वरूप में एक डिजिटल बुक तैयार करने के लिए कहा है। उन्होंने कहा कि यह एक नई परंपरा की शुरुआत होगी जिससे आगे आने वाले लोग सीखेंगे। बैठक में दिल्ली के आलावा उत्तर प्रदेश, बिहार, महाराष्ट्र, असम और कर्नाटक के प्रतिनिधि शामिल हुए। दिल्ली के सभी सांसद, भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष और अन्य वरिष्ठ नेता भी इस कार्यक्रम में शामिल हुए।
दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष आदेश गुप्ता ने प्रधानमंत्री को बताया कि प्रदेश भाजपा ने इस दौरान एक करोड़ से ज्याद लोगों को भोजन उपलब्ध कराया है। इसके आलावा लोगों को सूखा राशन, मास्क और पैरों में पहनने के लिए जूते-चप्पल तक उपलब्ध कराए हैं। इस दौरान लोगों में कोरोना के प्रति सुरक्षा बढ़ाने के लिए काढ़ा भी बांटा गया है। यह काम इस समय भी जारी है।