प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को इशारों में कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन त्रूदो को खालिस्तान के मुद्दे पर कड़ा संदेश देने की कोशिश की। पीएम ने कहा 'भारत की संप्रभुता और एकता को नुकसान पहुंचाने वाली गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।'
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा 'उनके लिए कोई जगह नहीं है जो धर्म के आधार पर बंटवारा करने की फिराक में रहते हैं। हमारी संप्रभुता और एकता को नुकसान पहुंचाने वालों को हम बर्दाशत नहीं करेंगे।'
पीएम ने हैदराबाद भवन में त्रूदो के साथ साझा प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान यह बातें कही।
प्रधानमंत्री मोदी की यह टिप्पणी इसलिए अहम है क्योंकि मुंबई में पीएम त्रूदो के लिए आयोजित की गई डिनर पार्टी में खालिस्तानी आतंकी जसपाल अटवाल त्रूदो की पत्नी सोफी के साथ दिखाई दिया था।
भारत की ओर से आपत्ति जताने के बाद पीएम त्रूदो ने अटवाल को दिए गए निमंत्रण को भूल माना और कहा कि अब इस भूल को सुधार लिया गया है।
वहीं विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि 'अटवाल को वीजा कैसे मिला फिलहाल यह जांच का विषय है, हालांकि कनाडा ने उसको दिया आमंत्रण कैंसल कर दिया है। कनाडा के उच्चायोग से इस संबंध में जानकारी मांगी जाएगी।'