केरल में गुरुवार को शपथ ग्रहण समारोह पूरा हो गया। लेफ्ट डेमोक्रेटिक पार्टी के नेता पिनरई विजयन ने सेंट्रल स्टेडियम में राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान के समक्ष मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। विजयन के अलावा 20 अन्य मंत्रियों ने भी शपथ ली। इस बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पिनराई विजयन को केरल में दूसरी बार मुख्यमंत्री बनने पर बधाई दी है। बता दें कि केरल में विधानसभा चुनाव में दूसरी बार पिनाराई विजयन के नेतृत्व वाली लेफ्ट डेमोक्रेटिक पार्टी (एलडीएफ) को जीत मिली है।
केरल में छह अप्रैल को हुए विधानसभा चुनाव में वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) को एक बार फिर जीत दिलाने वाले माकपा नेता पिनराई विजयन ने बृहस्पतिवार को लगातार दूसरे कार्यकाल के लिए केरल के मुख्यमंत्री के रूप में 20 मंत्रियों के साथ शपथ ली। राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने यहां सेंट्रल स्टेडियम में आयोजित समारोह में 77 वर्षीय विजयन को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। समारोह में कोविड-19 के प्रोटोकॉल का पूरी तरह पालन किया गया था।
विजयन को बधाई देते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट किया कि श्री पिनराई विजयन जी को मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेने और दूसरा कार्यकाल शुरू करने पर बधाई। मुख्यमंत्री समेत 15 मंत्रियों ने संविधान के नाम पर शपथ ली, वहीं पांच ने ईश्वर के नाम पर शपथ ली। इंडियन नेशनल लीग के कोटे से मंत्री बने अहमद देवरकोविल ने अल्लाह के नाम पर शपथ ली।
समारोह में शामिल नहीं हुए कांग्रेस के नेता
राज्यपाल 3.30 बजे समारोह स्थल पर पहुंचे, जिसके बाद समारोह शुरू हुआ और 4.50 बजे समाप्त हो गया। विपक्षी कांग्रेस नीत यूडीएफ के नेता कोविड-19 की वजह से समारोह में शामिल नहीं हुए। शपथ-ग्रहण समारोह से पहले वरिष्ठ कांग्रेस नेता रमेश चेन्नितला ने विजयन को फोन कर बधाई दी।
उन्होंने विजयन से कहा कि कोरोना वायरस संक्रमण के मद्देनजर यूडीएफ के विधायक डिजिटल तरीके से समारोह को देखेंगे। केरल उच्च न्यायालय ने बुधवार को सरकार को निर्देश दिया था कि महामारी के मद्देनजर समारोह में सीमित संख्या में लोग भाग लें।
टीवी पर ही समारोह देखा
समारोह में माकपा महासचिव सीताराम येचुरी, पार्टी के पोलित ब्यूरो के वरिष्ठ सदस्य, भाकपा के राज्य सचिव कणम राजेंद्रन और अनेक धार्मिक संगठनों के नेताओं ने भाग लिया। विधायकों के परिजनों और एलडीएफ के कार्यकर्ताओं ने भी अदालत के निर्देश के मद्देनजर टीवी पर ही समारोह देखा। समारोह में 54 गायकों की एक ऑनलाइन संगीत प्रस्तुति से उपस्थित महानुभावों का अभिनंदन किया गया। इसमें राज्य में अनेक वामपंथी सरकारों के दौरान केरल की उपलब्धियों को गिनाया गया।
नव केरल गीतांजलि नामक इस कार्यक्रम में केजे येशुदास, हरिहरण, शंकर महादेवन, अमजद अली खान, पी जयचंद्रन, केएस चित्रा और एमजी श्रीकुमार समेत जाने-माने गायकों ने भाग लिया। इस प्रस्तुति में संगीतकार एआर रहमान और अभिनेता मोहन लाल की भी भूमिका रही।
हाईकोर्ट के आदेश पर सादा समारोह
दरअसल बुधवार को केरल हाई कोर्ट ने कहा था कि कोरोना महामारी को देखते हुए शपथ ग्रहण समारोह में ज्यादा लोगों को आमंत्रित नहीं किया जा सकता । सरकार यह भरोसा दिलाए कि सीमित संख्या में वह यह समारोह आयोजित करेगी तो इसकी अनुमति दी जाएगी। जिसे देखते हुए कम से कम संख्या में यह समारोह आयोजित किया गया। कोर्ट ने कहा कि असम, पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु जैसे राज्यों में कम मेहमानों की मौजूदगी में शपथ ग्रहण समारोह किया गया है तो कोरोना के देखते हुए केरल में भी मेहमानों की संख्या को सीमित रखना चाहिए।
शपथ समारोह में जनार्दन थे खास मेहमान
विजयन सरकार के शपथ ग्रहण में आमंत्रित 500 लोगों में सबसे ज्यादा खास मेहमान बीड़ी निर्माता जनार्दन होंगे। हाल ही में जनार्दन ने केरल सरकार को टीकाकरण के लिए 2 लाख रुपये आर्थिक मदद की थी। दान करने के बाद उनके खाते में सिर्फ 850 रुपये ही बचे हैं। मुख्यमंत्री विजयन ने जनार्दन को भी इस समारोह में आमंत्रित किया गया था।