गिलगित-बाल्टिस्तान में लोगों ने चीन और उसके सबसे महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट्स में से एक सीपीईसी का जोरदार विरोध किया है। गिलगित बाल्टिस्तान कश्मीर का हिस्सा है और इसपर पाक जबरन कब्जा जमाए बैठा है। ये हिस्सा पीओके में आता है। चीन का सीपीईसी प्रोजेक्ट पीओके से होकर गुजरता है, इसीलिए भारत इसका विरोध कर रहा है। चीन पीओके में अवैध तरीके से निर्माण कार्यों में लगा हुआ है।
गिलगित-बाल्टिस्तान में लोगों ने चीन के प्रोजेक्ट का ये कहते हुए विरोध किया है कि सीपीईसी आर्थिक असमानता को बहुत बढ़ा देगा। इसके अलावा ये पर्यावरण पर बेहद बुरा असर डाल रहा है। लोगों का कहना है कि चीन अपने पैसों का इस्तेमाल कर प्रकृति के साथ छेड़छाड़ कर रहा है।
#WATCH People in Gilgit-Baltistan protest against China & CPEC which passes through Gilgit, fearing it will create huge ecological imbalance pic.twitter.com/XKdeuYvo3k
— ANI (@ANI_news) July 30, 2017
सीपीईसी से भारत-पाक में तनाव बढ़ने की आशंका: यूएन रिपोर्ट
People in Gilgit-Baltistan protest against China and CPEC which passes through Gilgit, fearing it will create huge ecological imbalance. pic.twitter.com/beE862jNRi
— ANI (@ANI_news) July 30, 2017
गौरतलब है कि चीन करीब 50 अरब डॉलर की लागत से पाकिस्तान में इकानॉमिक कॉरिडोर बना रहा है, जिसके पूरा होने के बाद चीन की ग्वादर बंदरगाह पर सीधी पकड़ होगी और वो अरब सागर में हस्तक्षेप करने तक की हैसियत में आ जाएगा। इस रूट के माध्यम से चीन की मिडिल-ईस्ट और अफ्रीकी देशों तक सीधी पहुंच हो जाएगी।