आंध्र प्रदेश के डिप्टी सीएम पवन कल्याण ने अल्लूरी सीताराम राजू जिले के पेडापाडु गांव के सभी निवासियों के लिए जूते भेजे हैं। दरअसल, अपने दो दिवसीय दौरे के दौरान उन्होंने गांववालों को नंगे पैर देखा जिसके बाद उन्होंने सभी को जूते भेजे हैं।
आंध्र प्रदेश के उपमुख्यमंत्री और जन सेना पार्टी के अध्यक्ष पवन कल्याण ने अल्लूरी सीताराम राजू जिले के डुम्ब्रीगुडा मंडल के पेडापडू गांव के निवासियों को जूते भेजकर व्यक्तिगत रूप से अपनी सहानुभूति व्यक्त की। बता दें कि, हाल ही में अराकू और डुम्ब्रीगुडा क्षेत्रों के अपने दो दिवसीय दौरे के दौरान, उपमुख्यमंत्री ने स्थानीय मुद्दों के बारे में प्रत्यक्ष रूप से जानने के लिए पेडापडू गांव का दौरा किया था। डिप्टी सीएम के इस पहल को लेकर पेदापाडु गांव के लोगों के साथ-साथ पूरे डुम्ब्रीगुडा मंडल ने उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण को धन्यवाद दिया है।
ग्रामीणों ने की डिप्टी सीएम की प्रशंसा
जानकारी के मुताबिक, गांव का दौरा करते समय उन्होंने देखा कि पंगी मिठू नाम की एक बुजुर्ग महिला और गांव की कई अन्य महिलाएं नंगे पैर थीं। इससे प्रभावित होकर उपमुख्यमंत्री कल्याण ने गांव में रहने वाले लोगों की कुल संख्या के बारे में पूछा। यह जानने के बाद कि गांव में लगभग 350 लोग रहते हैं, उन्होंने अपने कार्यालय के कर्मचारियों को उनमें से प्रत्येक को जूते वितरित करने की व्यवस्था की। डिप्टी सीएम की तरफ से मिले उपहार के बाद ग्रामीणों ने भावुक दिखे, ग्रामीणों ने उपमुख्यमंत्री का दिल से आभार जताया। इस दौरान एक ग्रामीण ने कहा- 'हमारे पवन सर आए और हमारे संघर्षों को पहचाना'। उन्होंने कहा कि किसी अन्य नेता ने कभी उनकी समस्याओं पर ध्यान नहीं दिया और वे उपमुख्यमंत्री के आभारी हैं कि उन्होंने उनके गांव का दौरा किया और उनकी कठिनाइयों को दूर किया।
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जन सेना पार्टी ने वक्फ कानून का किया समर्थन
इससे पहले बुधवार को जन सेना पार्टी ने वक्फ कानून के लिए अपना समर्थन व्यक्त किया। उपमुख्यमंत्री पवन कल्याण ने पार्टी के सांसदों को मतदान प्रक्रिया में भाग लेने और विधेयक के पक्ष में मतदान करने का निर्देश दिया है, जिसका उद्देश्य वक्फ अधिनियम को आधुनिक बनाना है। जनसेना के बयान के अनुसार, पार्टी का मानना है कि इस संशोधन से मुस्लिम समुदाय को लाभ होगा।
ऐसे तैयार किया गया वक्फ कानून
31 सदस्यों वाली एक संयुक्त संसदीय समिति ने वक्फ अधिनियम से संबंधित संशोधनों की समीक्षा की। संबंधित समूहों, बुद्धिजीवियों और शासन विशेषज्ञों के साथ चर्चा के बाद, बिल तैयार किया गया था। इस संशोधन का उद्देश्य ब्रिटिश काल से चले आ रहे वक्फ अधिनियम का आधुनिकीकरण करना और व्यापक लाभ प्राप्त करने के लिए इसे वर्तमान आवश्यकताओं के अनुरूप बनाना है। इस विधेयक का उद्देश्य वक्फ संपत्तियों के विनियमन और प्रबंधन में आने वाली समस्याओं और चुनौतियों का समाधान करने के लिए वक्फ अधिनियम 1995 में संशोधन करना है।