संसद की संचार एवं सूचना प्रौद्योगिकी समिति फर्जी खबरों पर लगाम लगाएगी। इसलिए संसदीय समिति ने मीडिया निकाय न्यूज ब्रॉडकास्टर्स एंड डिजिटल एसोसिएशन और एडिटर्स गिल्ड ऑफ इंडिया को सुझाव देने के लिए बुलाया है।
बताया जाता है कि संचार और सूचना प्रौद्योगिकी की स्थायी समिति 21 नवंबर को फर्जी खबरों पर अंकुश लगाने के तंत्र की समीक्षा विषय पर बैठक करेगी। संसदीय समिति के अध्यक्ष भाजपा सांसद निशिकांत दुबे हैं। बैठक में समिति न्यूज ब्रॉडकास्टर्स एंड डिजिटल एसोसिएशन (एनबीडीए) और एडिटर्स गिल्ड ऑफ इंडिया (ईजीआई) के विचार सुनेगी।
समिति ने पहले फर्जी खबरों पर अंकुश लगाने के तंत्र के साथ-साथ ओटीटी प्लेटफार्मों से जुड़े मुद्दों की समीक्षा करने का निर्णय लिया था। इसके अलावा समिति भारत में क्रिप्टोकरेंसी की मौजूदगी के साथ समिति मुद्राओं के नए रूपों से उभरने और उनके प्रभाव की भी जांच करेगी। समिति का पैनल आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस के उभरने और संबंधित मुद्दों के प्रभाव को लेकर भी बात करेगी।
समिति को सूचना और प्रसारण, इलेक्ट्रॉनिक्स, सूचना प्रौद्योगिकी और संचार मंत्रालयों के कामकाज की जांच करने का अधिकार है। अब समिति ने सभी तरह के मीडिया से जुड़े कानूनों के क्रियान्वयन की समीक्षा के साथ-साथ प्रसार भारती के कामकाज की समीक्षा को भी चुना है। डिजिटल और साइबर अपराध को लेकर समिति विनियमन और निगरानी पर भी गौर करेगी।