06:31 PM, 11-Mar-2020
अमित शाह ने दिया जवाब
लोकसभा में दिल्ली हिंसा पर चर्चा के दौरान गृह मंत्री अमित शाह ने जवाब दिया-
- हिंसा में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि।
- हिंसा को अलग रंग दिया जा रहा है।
- हिंसा को राजनीतिक रंग देने की कोशिश हुई।
- हमने कहा था कि होली के बाद संसद में चर्चा होगी, लेकिन विपक्ष नहीं माना।
- शांति बनाए रखना मकसद था।
- 25 फरवरी के बाद कोई हिंसा नहीं हुई।
- हिंसा को पूरी दिल्ली में फैलने से रोकना दिल्ली पुलिस की बड़ी कामयाबी।
- ज्यादा से ज्यादा 36 घंटे तक दंगे हुए, 36 घंटे के भीतर दिल्ली पुलिस ने इसे समेटने का काम किया है।
- दंगे के कारण मैं किसी कार्यक्रम में नहीं गया।
- पुलिस के साथ सभी समीक्षा बैठकें मेरी अध्यक्षता में ही हुईं।
- एनएसए अजित डोभाल मेरी सलाह पर दंगा प्रभावित इलाके में गए थे।
- मैं इसलिए वहां नहीं गया क्योंकि मेरी सुरक्षा के चलते राहत कार्य प्रभावित हो सकते थे।
- 25 फरवरी की रात हालात काबू में थे।
अमित शाह के बयान पर कांग्रेस सांसदों ने सदन में हंगामा किया और लोकसभा से वॉकआउट किया। इसके बाद भी गृह मंत्री ने सदन में अपना बयान जारी रखा।
- 27 फरवरी से आज तक करीब 700 एफआईआर दर्ज हुई है।
- सॉफ्टवेयर की मदद से 1100 लोगों की पहचान।
- सीसीटीवी, मीडिया से जानकारी जुटा रहे हैं।
- दंगे की फंडिंग करने वाले तीन लोग गिरफ्तार।
- 2647 लोग गिरफ्तार या हिरासत में।
- किसी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा, दंगे करने वाले बच नहीं पाएंगे, कानून से भाग नहीं पाएंगे।
- एफआईआर दोनों समुदाय के लोगों पर है।
- कांग्रेस के नेताओं ने भड़काऊ बयान दिए।
- 14 दिसंबर को रामलीला मैदान रैली में बयान दिया, आर-पार लड़ाई की बात की।
- दंगों के लिए सोशल मीडिया अकाउंट बने। दंगों के बाद बंद हो गए।
- आईटी एक्ट के तहत मामले दर्ज किए गए हैं।
- किसी को बख्शा नहीं जाएगा, दंगा करने वालों को ढूंढकर निकालेंगे।
- दंगों में 52 की मौत, 526 घायल हुए, 371 दुकानें जलीं।
- मंदिर-मस्जिद दोनों जले हैं, दोनों के लिए दुख प्रकट करता हूं।
- अंकित शर्मा के शरीर पर 400 घाव थे, उसपर भी कुछ शब्द यहां बोले जाने चाहिए थे।
- देश में 76 फीसदी दंगे कांग्रेस के शासन में हुए।
- सिख दंगों पर कांग्रेस ने क्या किया?