फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आगरा के फुटवियर मेले में आएंगे पाकिस्तानी कारोबारी

Tue, 11 Oct 2016 03:05 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, आगरा
विज्ञापन
केंद्रीय वित्त राज्यमंत्री अर्जुन राम मेघवाल - फोटो : twitter
विज्ञापन
इंटरनेशनल लेदर, फुटवियर, कंपोनेंट एंड टेक्नालाजी फेयर ‘मीट एट आगरा’ का 10 वां संस्करण 12 से 14 नवंबर तक बीएसएनएल मैदान में होगा। दो साल से गिरावट झेल रहे देश के फुटवियर कारोबार को मीट एट आगरा से न केवल बेहतर कारोबार की उम्मीद है, बल्कि नए बाजार और नई तकनीक के जरिए ब्रांड आगरा को चमकाने की पुरजोर कोशिश की जाएगी। इस साल रिकार्ड तोड़ 266 स्टॉल लगाए जाएंगे और केंद्रीय वित्त राज्यमंत्री अर्जुन राम मेघवाल मीट एट आगरा का शुभारंभ करने आएंगे।
विज्ञापन


हरीपर्वत स्थित होटल में आगरा फुटवियर मैन्यूफैक्चरर्स एंड एक्सपोर्टर्स चैंबर (एफमेक) की बैठक के बाद अध्यक्ष पूरन डाबर ने बताया कि दो महीने पहले ही मीट एट आगरा के सभी स्टॉल बुक हो गए थे। इस साल ताइवान ही फोकस कंट्री रहेगा, जिसकी सात कंपनियों के 10 स्टॉल का अलग पैवेलियन होगा। ताइवान के साथ ही फ्रांस, इटली, यूनाइटेड किंगडम, टर्की, चीन, पाकिस्तान की कंपनियां फेयर में अपने स्टॉल लगा रही हैं। ज्यादा स्टाल के कारण 300 मीटर क्षेत्र बढ़ाकर 6300 मीटर में हॉल बनाए गए हैं। 

फिनिश्ड लेदर, जूते में प्रयोग होने वाले कंपोनेंट, केमिकल्स, शू फिनिशिज की नई तकनीकें इस फेयर में देख सकेंगे। केंद्रीय वित्त राज्यमंत्री अर्जुन राम मेघवाल को उद्घाटन के लिए आमंत्रित किया गया है। इसके अलावा सीएलई चेयरमैन रफीक अहमद, मुख्तारूल अमीन, राजेंद्र जालान, नरेश भसीन, अकील अहमद आदि मीट एट आगरा में आएंगे। प्रेस वार्ता के दौरान राजेश सहगल, जितेंद्र त्रिलोकानी, ललित अरोड़ा, श्याम बंसल, विजय निझावन, सुनील मनचंदा आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

मीट एट आगरा में आएंगे पाकिस्तानी कारोबारी

- फोटो : twitter
आगरा फुटवियर मैन्यूफैक्चरर्स एंड एक्सपोर्टर्स चैंबर के अध्यक्ष पूरन डाबर ने बताया कि बीते साल आठ पाकिस्तानी कारोबारी मीट एट आगरा में थे, लेकिन इस साल चार ने ही रजिस्ट्रेशन कराया। इनमें से दो ने किसी वजह से अपनी विजिट कैंसल कर दी है। 

भारत सरकार से अगर वीजा मिलता है तो दो कारोबारियों के आने की पूरी उम्मीद है। एफमेक उनके प्रोग्राम पर कोई निर्णय नहीं ले सकता। पूर्व अध्यक्ष कैप्टन एएस राणा ने कहा कि यह सरकार की नति पर निर्भर करेगा कि पाकिस्तानी कारोबारियों का वीजा मिलता है या नहीं। एफमेक न तो उनके रजिस्ट्रेशन कैंसल कर सकता है और न ही उनकी विजिट।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें