संजय लीला भंसाली की फिल्म पद्मावत पर जारी विरोध थमने का नाम नहीं ले रहा है। करणी सेना सहित मध्यप्रदेश और राजस्थान सरकार जहां फिल्म पर बैन लगाने की मांग कर रहे हैं। वहीं करणी सेना देश में कई जगहों पर फिल्म का विरोध कर रही है लेकिन उज्जैन में यह मामला काफी उग्र हो गया है। करणी सेना से जुड़े लोगों ने आगजनी के साथ ही चक्काजाम भी किया है। इस उग्र विरोध की वजह से क्षेत्र में तनाव की स्थिति पैदा हो गई है।
हरियाणा के कुरुक्षेत्र के सेक्टर-17 स्थित कैसल मॉल में कल देर शाम डेढ़ दर्जन से अधिक हथियारबंद नकाबपोश युवाओं ने जमकर तोड़फोड़ की थी। नकाबपोश बिना कुछ कहे दो मिनट में ही वारदात को अंजाम देकर भाग गए थे। हालांकि इस विरोध के बावजूद सीएम मनोहर लाल खट्टर का कहना है कि अगर कोई फिल्म दिखाने का फैसला करता है तो यह अच्छा है लेकिन अगर कोई फिल्म दिखाता है तो हम उसे सुरक्षा मुहैया करवाएंगे। सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर अमल करना हमारी ड्यूटी है।
राजस्थान के भीलवाड़ा में पद्मावत के विरोध में एक युवक 350 फीट ऊंचे टावर पर चढ़ गया है। यह शख्स करणी सेना का एक पदाधिकारी बताया जा रहा है। युवक का कहना है कि जब तक पद्मावत को देश भर में बैन नहीं की जाएगी, तब तक वह टावर से नहीं उतरेगा। टोंक जिले में भी फिल्म पद्मावत पर प्रतिबंध की मांग को लेकर उग्र प्रदर्शन किया गया। यहां राजपूत समाज की ओर से टोंक-देवली हाईवे को कुछ देर के लिए जाम किया गया। जाम मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और हल्का बल प्रयोग कर युवकों को खदेड़ा।