पूर्व केंद्रीय वित्तमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी चिदंबरम का कहना है कि नौकरियों की कमी, महिला और बच्चों की सुरक्षा और कीमतों में हो रहे इजाफे जैसे मुद्दे भाजपा को परेशान करेगी। कांग्रेस की घोषणापत्र समिति के प्रमुख ने यह बातें मुंबई में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान कहीं। 2019 के लोकसभा चुनावों के लिए घोषणापत्र तैयार करने से पहले सदस्य शहर के दौरों पर हैं ताकि समाज के विभिन्न वर्गों के प्रतिनिधियों से बातचीत की जा सके।
पी चिदंबरम ने कहा कि शनिवार को दो घंटे की चर्चा के दौरान समिति को 67 सुझाव मिले हैं। उन्होंने कहा कि नौकरियों की कमी, महिला और बच्चों की सुरक्षा और कीमतों में हो रहे इजाफे लोगों की चिंता के महत्वपूर्ण विषय हैं। उन्होंने कहा, 'यह मुद्दे लोकसभा चुनाव के दौरान भाजपा को परेशान करेंगे। इन चिंताओं को कांग्रेस के घोषणा पत्र में शामिल किया जाएगा।'
पूर्व वित्तमंत्री ने कहा, 'यदि जनता कहती है कि
पेट्रोल डीजल के दाम घटने चाहिए और सरकार इसे नहीं सुनती है तो यह सरकार लोकतांत्रिक नहीं है।' भाजपा के 2014 के चुनावी वादों पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा, 'मैं एक कमरे में बैठकर आपसे 25 लाख रुपये खाते में डालने या फिर चार करोड़ नौकरियां देने का वादा कर सकता हूं। हम आपसे जानना और सुनना चाहते हैं कि आपकी क्या उम्मीदे हैं।'