अपनी सभी संपत्तियों का खुलासा न करने पर सुप्रीम कोर्ट ने उद्योगपति विजय माल्या को नोटिस जारी किया है। इससे पहले अटॉर्नी जनरल मुकुल रोहतगी ने शीर्ष अदालत को बताया कि माल्या ने ब्रिटिश कंपनी से मिले 45 मिलियन डॉलर सहित अपनी कई संपत्तियों का खुलासा नहीं किया है।
अटॉर्नी जनरल ने सोमवार को न्यायमूर्ति कूरियन जोसेफ और न्यायमूर्ति रोहिंग्टन एफ नरीमन की पीठ के समक्ष कहा कि माल्या ने अपनी संपत्तियों का पूरा ब्योरा नहीं दिया है। उन्होंने कहा कि माल्या ने शीर्ष अदालत के उस आदेश का पूरी तरह पालन नहीं किया है, जिसमें उन्हें संपत्तियों का पूरा ब्योरा देने के लिए कहा गया था।
अटॉर्नी जनरल का पक्ष सुनने के बाद पीठ ने माल्या को नोटिस जारी करते हुए चार हफ्ते के भीतर जवाब दाखिल करने के लिए कहा है। अदालत स्टेट बैंक ऑफ इंडिया सहित अन्य बैंकों के एक समूह की उस याचिका पर सुनवाई कर रही है जिसमें माल्या के खिलाफ अवमानना की कार्यवाही शुरू करने की गुहार लगाई गई थी।