नोटबंदी के बाद देश की जनता को एक और झटका लगा है। गैर सब्सिडी वाले रसोई गैस सिलेंडर की कीमत में भारी इजाफा हुआ है। यह इजाफा 86 रुपये का है, जिसके बाद एक सिलेंडर की कीमत 737.50 रुपये हो गई है। कंपनियों ने रेट रिवीजन के बाद घरेलू रसोई गैस सिलेंडर के बाजार भाव में अब तक की सबसे बड़ी बढ़ोत्तरी दर्ज की।
इसके साथ ही कामर्शियल गैस सिलेंडर पर 149.50 रुपए और पांच किलो वाले छोटू सिलेंडर पर 30.50 रुपए का इजाफा हुआ है। बिना सब्सिडी वाला गैस सिलेंडर उन लोगों को लेना होता है जिन्होंने गैस-सब्सिडी छोड़ दी है या फिर जिनका 14.2 किलो के सब्सिडी शुदा 12 सिलेंडर का कोटा पूरा हो चुका है। सार्वजनिक क्षेत्र की पेट्रोलियम कंपनियों ने यह जानकारी दी है।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में पेट्रोलियम पदार्थों के दाम अक्तूबर 2016 के बाद से बढ़ रहे हैं। इसी का हवाला देकर कंपनियों ने कीमतों में वृद्धि की है। सितंबर 2016 में दिल्ली में बिना-सब्सिडी वाला एलपीजी सिलेंडर 466.50 रुपये का था। उसके बाद से छह किस्तों में यह 271 रुपये यानी 58 प्रतिशत महंगा हो चुका है।