हालांकि, चैनल फोर के मुताबिक कुछ जानकारियां अब भी इस्तेमाल हो रही हैं, जबकि कैम्ब्रिज एनालिटिका ने कहा था कि उसने इन्हें नष्ट कर दिया है। इससे पहले कैम्ब्रिज एनालिटिका स्कैंडल सामने आने के बाद फेसबुक के संस्थापक मार्क जकरबर्ग ने स्वीकार किया था कि उनकी कंपनी से 'गलतियां हुई हैं।'
उन्होंने ऐसे इंतजाम करने का आश्वासन दिया था जिनसे थर्ड-पार्टी ऐप्स के लिए लोगों की जानकारियां हासिल करना मुश्किल हो जाए। जकरबर्ग ने कहा था कि ऐप बनाने वाले अलेग्जेंडर कोगन, कैम्ब्रिज एनालिटिका और फेसबुक के बीच जो हुआ वो 'विश्वासघात' के समान है। उन्होंने कहा कि यह 'फेसबुक और उन लोगों के साथ भी विश्वासघात है, जो अपनी जानकारियां हमारे साथ शेयर करते हैं।'