फिल्म बाटला हाउस के निर्देशक निखिल आडवाणी के लिए राष्ट्रवाद एक अंतर्निहित भावना है और उनको लगता है कि इस शब्द का इन दिनों कई बार गलत इस्तेमाल किया जाता है। निर्देशक का लक्ष्य अपनी फिल्मों के जरिए लोगों को देशप्रेम का सही मतलब सिखाना है।
आडवाणी ने एक साक्षात्कार में कहा कि ‘राष्ट्रवाद को लेकर मेरी भावना बेहद निजी है लेकिन साथ ही मैंने महसूस किया है कि आज कल इस शब्द का काफी गलत इस्तेमाल किया जाता है। अगर आप इसे फिल्म बनाकर या कुछ और करके ठीक कर सकते हैं तो ऐसा क्यों नहीं करना चाहिए।’
राष्ट्रवाद का दुरुपयोग किए जाने पर फिल्मकार ने कहा, ‘अगर आपका पहनावा किसी खास तरीके से है तो आप राष्ट्रवादी हैं या यदि आप यह नहीं कहते को आप देशभक्त नहीं हैं। मुझे लगता है कि संविधान आपको वह सब करने की स्वतंत्रता देता है, जो आप करना चाहते हैं।’
आडवाणी की आने वाली फिल्म बाटला हाउस है। फिल्म में जॉन अब्राहम डीसीपी संजीव कुमार की भूमिका में नजर आएंगे। फिल्म डी-डे के निर्देशक ने कहा कि उन्होंने सेंसर प्रमाणपत्र के लिए अर्जी दी है और वह सकारात्मक नतीजों की उम्मीद कर रहे हैं। जॉन अब्राहम और आडवाणी इससे पहले फिल्म सत्यमेव जयते में साथ काम कर चुके हैं। फिल्म बाटला हाउस स्वतंत्रता दिवस पर बड़े पर्दे पर प्रदर्शित होगी।