जी किशन रेड्डी ने कोलकाता में एनएलएफसी का उद्घाटन किया
कोयला एवं खान मंत्री जी किशन रेड्डी ने शुक्रवार को कोलकाता में राष्ट्रीय भूस्खलन पूर्वानुमान केंद्र (एनएलएफसी) का उद्घाटन किया। रेड्डी ने 'भूसंकेत' वेबसाइट और 'भूस्खलन' मोबाइल एप भी लॉन्च किया, जिसके माध्यम से पूर्वानुमान डेटा प्रसारित किया जाएगा। इस दौरान उन्होंने कहा, एनएलएफसी का प्राथमिक उद्देश्य कई राज्यों के लिए दैनिक भूस्खलन पूर्वानुमान को एकीकृत, उत्पन्न और प्रसारित करना और बेहतर भूस्खलन जोखिम मूल्यांकन और प्रारंभिक पूर्वानुमान में योगदान देना है। भूस्खलन को रोका नहीं जा सकता है, लेकिन जानमाल की हानि और संपत्तियों को नुकसान को रोका जा सकता है। कहा, यह प्रक्षेपण देश भर में भूस्खलन की रोकथाम और आपदा तैयारियों की दिशा में केंद्र की खोज में एक ऐतिहासिक क्षण है।
कपड़ा उद्योग को विकसित करने पर विचार कर रही बिहार सरकार: गिरिराज सिंह
केंद्रीय कपड़ा मंत्री गिरिराज सिंह ने शुक्रवार को कहा कि बिहार सरकार अपने कपड़ा उद्योग को विकसित करने का लक्ष्य लेकर चल रही है, जिससे राज्य की अर्थव्यवस्था को मदद मिलेगी और नौकरियां पैदा होंगी। सिंह ने पटना में 'टेक्सटाइल इन्वेस्टर्स मीट' के मौके पर पत्रकारों से बात की। उन्होंने कहा कि बिहार में इस क्षेत्र में रोजगार के पर्याप्त अवसर पैदा करने की क्षमता है। सिंह ने कहा, इस क्षेत्र में 70 प्रतिशत कार्यबल महिलाएं हैं। बिहार में बड़ी संभावनाएं हैं, क्योंकि यहां 1.5 करोड़ 'जीविका दीदियां' हैं जो स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी हैं।
कम बारिश से खेती पर पड़ने वाले असर पर रिपोर्ट तैयार करें अधिकारी: हेमंत सोरेन
झारखंड में बारिश की कमी से चिंतित मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने शुक्रवार को अधिकारियों को कृषि पर इसके प्रभाव पर एक रिपोर्ट तैयार करने का निर्देश दिया, ताकि इसे सहायता मांगने के लिए केंद्र के समक्ष रखा जा सके। मानसून के दौरान सामान्य से कम बारिश के प्रभाव की समीक्षा के लिए वरिष्ठ अधिकारियों की एक उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता करते हुए उन्होंने अधिकारियों से किसानों को राहत देने के लिए समय पर तैयारी शुरू करने को कहा। उन्होंने अधिकारियों से कहा, अगर कम बारिश की स्थिति अगले कुछ दिनों तक जारी रहती है तो इससे निपटने के लिए पूरी रणनीति तैयार करें। सिंचाई परियोजनाओं के काम में तेजी लायें, साथ ही वैकल्पिक खेती की भी तैयारी करें। उन्होंने सभी जिलों में सतर्क रहने और वर्षा तथा फसलों की बुआई पर निगरानी रखने का भी निर्देश दिया।
यूपी-एमपी से केन-बेतवा लिंक परियोजना के लिए भूमि अधिग्रहण में तेजी लाएं यूपी-एमपी: केंद्र
केंद्र ने उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश दोनों से भूमि अधिग्रहण में तेजी लाने और केन-बेतवा लिंक परियोजना के संबंध में सभी लंबित विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) को तुरंत पूरा करने का आग्रह किया है। इस नदी जोड़ो परियोजना में सूखाग्रस्त बुंदेलखंड क्षेत्र को सिंचित करने के लिए मध्य प्रदेश की केन नदी से अतिरिक्त पानी को उत्तर प्रदेश की बेतवा नदी तक ले जाने का प्रस्ताव है।
केन-बेतवा लिंक परियोजना प्राधिकरण की संचालन समिति की छठी बैठक शुक्रवार को यहां हुई। इसकी अध्यक्षता जल शक्ति मंत्रालय के तहत जल संसाधन, नदी विकास और गंगा संरक्षण विभाग की सचिव देबाश्री मुखर्जी ने की। मुखर्जी ने बुंदेलखंड क्षेत्र के लिए परियोजना के महत्व पर जोर दिया और पर्यावरण, जैव विविधता की रक्षा और सामुदायिक विकास को बढ़ावा देने के लिए निर्माण में सर्वोत्तम प्रथाओं को नियोजित करने की आवश्यकता को रेखांकित किया।