'कश्मीरी पंडितों का पलायन हुआ तो मुसलमानों को भी निशाना बनाया गया'
एनसीपी प्रमुख ने कहा कि यह सच है कि कश्मीरी पंडितों को घाटी छोड़कर जाना पड़ा था, लेकिन इसी तरह से मुसलमानों को भी निशाना बनाया गया था। उन्होंने कहा, 'कश्मीरी पंडितों और मुसलमानों पर हमलों के लिए पाकिस्तान के आतंकवादी संगठन जिम्मेदार थे।'
पूर्व केंद्रीय मंत्री पवार ने कहा कि अगर नरेंद्र मोदी सरकार सच में कश्मीरी पंडितों की परवाह करती है तो इसे उसे उनके पुनर्वास के लिए हर संभव प्रयास करने चाहिए और उनके दिमाग में अल्पसंख्यकों को लेकर गुस्सा भरने का काम नहीं करना चाहिए।
'जब पलायन हुआ था तब भाजपा के समर्थन वाली वीपी सिंह की सरकार थी'
पवार ने इस बहस में पंडित जवाहर लाल नेहरू को घसीटने के लिए भी भाजपा की आलोचना की। इस बात का उल्लेख करते हुए कि जब कश्मीरी पंडितों को घाटी से पलायन करना पड़ा था तब विश्वनाथ प्रताप सिंह प्रधानमंत्री थे, उन्होंने कहा, 'वीपी सिंह की सरकार को भाजपा का समर्थन था। मुफ्ती मोहम्मद सईद गृह मंत्री थे और जगमोहन जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल थे, जिन्होंने बाद में दिल्ली से भाजपा के टिकट पर लोकसभा चुनाव लड़ा था।'
उन्होंने इस फिल्म को लेकर दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की टिप्पणी पर उन्हें निशाना बनाने की कोशिश करने के लिए भी भाजपा पर निशाना साधा। पवार ने कहा कि राजनीतिक आंदोलनों का स्वागत है, लेकिन केजरीवाल की आलोचना अल्पसंख्यकों के हित में बात करने के लिए की गई। भाजपा देश को दूसरे रास्ते पर ले जा रही है। यह देश की एकता को नष्ट कर रही है।