हाल ही में मादक पदार्थों की तस्करी के रैकेट का भंडाफोड़ करने वाली एनसीबी ने तस्करों के खाते से 500 बिटक्वाइंस को जब्त करने की तैयारी में है। बिटक्वाइ एक तरह की आभासी मुद्रा है जिस किसी सरकार का नियंत्रण नहीं है। आपराधिक तत्व आपसी लेनदेन के लिए इस आभासी मुद्दा का इस्तेमाल करते हैं।
एनसीबी देश में पहली बार किसी आपराधिक मामले की जांच के दौरान ऐसा कदम उठाने जा रही है। मादक पदार्थों की तस्करी रोकने के लिए केंद्र सरकार की नोडल एजेंसी एनसीबी देश में तस्करी के तीन सिंडिकेट और पश्चिम भारत के एक मामले की जांच कर रही है। वह इनके पास से बिटक्वाइंस जब्त करने वाली है।
आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि नार्कोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) 400-500 बिटक्वाइंस को जब्त करने के लिए कानूनी पहलुओं पर काम कर रही है। सूत्रों ने बताया कि हाल के वर्षों में एनसीबी ने नकदी के साथ अचल संपत्तियां भी जब्त की हैं, लेकिन कभी भी बिटक्वाइ को जब्त नहीं किया गया। ये बिटक्वाइंस भारतीय मुद्रा में एक करोड़ रुपये के बराबर हैं।