राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने पाकिस्तानी खुफिया अधिकारी आमिर जुबैर सिद्दीकी पर कथित तौर से भारत के खिलाफ युद्ध छेड़ने की वजह से चार्जशीट दाखिल की है। साल 2014 में श्रीलंका में अपनी पोस्टिंग के दौरान आमिर ने भारत के खिलाफ विस्फोटक षड्यंत्र रचने का काम किया था। पाक अधिकारी पर आरोप है कि उन्होंने चेन्नई में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास, बेंगलुरु में स्थित इजरायली वाणिज्यिक दूतावास, बेंगलुरु के इलेक्ट्रॉनिक सिटी और दक्षिण भारत के कई सार्वजनिक स्थानों पर विस्फोट करने का षड्यंत्र रचा था।
सिद्दीकी पर साल 2014 में जब केस दर्ज किया था गया तब वह कोलाबो में स्थित पाकिस्तान हाई कमीशन में वीजा काउंसलर के तौर पर काम कर रहे थे। उनके ऊपर चैन्ने के पूनामल्ली की एनआईए अदालत में चार्जशीट दाखिल की गई है। चैन्ने से श्रीलंका के नागरिक मोहम्मद साकिर हुसैन की गरिफ्तारी के बाद सिद्दीकी पर तमिलनाडु पुलिस ने 28 अप्रैल, 2014 को केस दर्ज किया था। हुसैन सिद्दीकी के दिशा-निर्देश पर भारत में विध्वंसक गतिविधियों को अंजाम देने के लिए आया था।
एनआईए का कहना है कि दूसरे आरोपी मोहम्मद सलीम के पास से 1 मई, 2014 को उच्च गुणवत्ता वाले नकली नोट मिले थे, जिन्हें की सीज कर लिया गया था। इन नकली नोटों की कीमत 2.5 लाख रुपए थी। इस मामले को एनआईए ने 21 जून, 2014 को तमिलनाडु पुलिस से ले लिया था। जिसके बाद 23 अक्टूबर, 2014 को हुसैन, सलीम सहित दूसरे लोगों के खिलाफ चार्जशीट दायर की गई थी। जिसमें हुसैन को अदालत ने दोषी ठहराते हुए पांच साल कैद की सजा सुनाई थी।