हेराल्ड भवन खाली करने के एकल पीठ के फैसले को चुनौती वाली नेशनल हेराल्ड प्रकाशन की याचिका पर दिल्ली हाईकोर्ट बृहस्पतिवार को फैसला सुना सकता है। हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश राजेंद्र मेनन और न्यायमूर्ति वी के राव की पीठ ने इस मसले पर 18 फरवरी को केंद्र सरकार और एजेएल के तर्क सुनने के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया था।
सुनवाई के दौरान एजेएल के वकील अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा था कि कंपनी का अधिकांश शेयर यंग इंडिया को हस्तांतरित किए जाने से कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी और सोनिया गांधी हेराल्ड हाउस के मालिक नहीं हो जाते हैं।