केन्द्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री प्रकाश जावडेकर ने नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति के ड्राफ्ट पर नीति आयोग से भी राय मांगी है। कुछ बिंदुओं पर अनुमति जबकि कुछ बिंदुओं पर राय मांगी गई है। इसके अलावा राष्ट्रीय शिक्षा नीति के ड्राफ्ट पर नवंबर में सांसदों के साथ एक कार्यशाला का भी आयोजन किया जाएगा।
मानव संसाधन विकास मंत्री ने कहा कि नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति के ड्राफ्ट को अंतिम रूप देने से पहले उन तमाम लोगों की राय लेना चाहते हैं जो शिक्षा के क्षेत्र से जुड़े हैं। इसी वजह से 10 नवंबर को सभी पार्टी के सांसदों को नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति की ड्राफ्ट पर चर्चा के लिए बुलाया गया है।
नए और अच्छे सुझावों को नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति में शामिल किया जाएगा। उन्होंने बताया कि सांसदों के साथ कार्यशाला का विचार कांग्रेस के वरिष्ठ नेता जयराम रमेश की सलाह पर लिया गया है। जावडेकर ने कहा कि मंत्रालय नीति आयोग के संपर्क में है और नई शिक्षा नीति पर सभी पहलुओं पर चर्चा करने के बाद अंतिम निर्णय लिया जाएगा।
नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति में देश में प्राथमिक शिक्षा से लेकर उच्च शिक्षा तक में बदलाव की तैयारी है। नई शिक्षा नीति पर काफी समय से काम चल रहा है। पूर्व मानव संसाधन विकास मंत्री स्मृति इरानी के कार्यकाल में भी इस पर खूब बहस हुई और और मसलों को लेकर विवाद भी हुआ।