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नासिक धर्मांतरण मामला: गलत तरीके से छूने से लेकर अपमानजनक टिप्पणियों तक, पीड़िता ने उठाया डरावने सच से पर्दा

Mon, 20 Apr 2026 04:15 PM IST
Shubham Kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नासिक

सार

कई दिनों से लगातार चर्चा में चल रहे नासिक धर्मांतरण मामले में अब पीड़िता के ताजा बयान ने पूरे मामले को नए मोड़ पर लाकर खड़ा कर दिया है। पीड़िता ने आरोप लगाया कि उसे मानसिक प्रताड़ना, पीछा करने और शारीरिक छेड़छाड़ का सामना करना पड़ा। ट्रेनिंग में गलत तरीके से छूने और धर्म के नाम पर अपमानजनक टिप्पणियों के आरोप भी हैं। आइए जानते हैं पीड़िता ने क्या-क्या कहा?

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नासिक धर्मांतरण मामला - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार
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महाराष्ट्र के नासिक की एक कंपनी में सामने आया कथित उत्पीड़न और धर्मांतरण के मामले ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। ऐसे में अब सामने आए पीड़िता के ताजा बयान ने एक बार फिर इस पूरे मामले में एक साथ कई सवाल खड़े कर दिए हैं। पीड़िता ने आरोप लगाया है कि ऑफिस में उसे लगातार मानसिक प्रताड़ना, धार्मिक भावनाओं पर चोट और शारीरिक उत्पीड़न झेलना पड़ा। ट्रेनिंग के दौरान गलत तरीके से छूने से लेकर धर्म के नाम पर अपमानजनक टिप्पणियों तक, यह पूरा मामला बेहद गंभीर बन गया है।

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महिला का कहना है कि कार्यालय में बुर्का न पहनने पर हिंसा को सही ठहराया गया और देवी-देवताओं पर भी आपत्तिजनक बातें कही गईं। शिकायत के अनुसार, पीड़िता ने बताया कि ऑफिस में कुछ लोगों ने लंबे समय तक उसे मानसिक रूप से परेशान किया, उसका पीछा किया और धर्म से जुड़ी आपत्तिजनक बातें कही गईं। इतना ही नहीं एक आरोपी ने कथित तौर पर महिलाओं के खिलाफ हिंसा को सही ठहराते हुए कहा कि बुर्का न पहनने की वजह से ऐसे मामले होते हैं और हिंदू देवी-देवताओं पर भी अपमानजनक टिप्पणी की।

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गलत तरीके से छुने तक का आरोप
मामले में महिला ने आरोप लगाया कि एक टीम लीडर ने ट्रेनिंग के दौरान उसे गलत तरीके से छुआ, जबकि एक अन्य घटना में ऑफिस की पेंट्री में भी उसके साथ छेड़छाड़ की गई। इसके अलावा उसकी निजी और शादीशुदा जिंदगी पर भी आपत्तिजनक बातें कही गईं। पीड़िता के मुताबिक, उत्पीड़न सिर्फ ऑफिस तक सीमित नहीं रहा, बल्कि सोशल मीडिया पर भी उसे लगातार परेशान और स्टॉक किया गया। ब्लॉक करने के बावजूद आरोपी उसे परेशान करते रहे, जिसके बाद उसे पुलिस में शिकायत करनी पड़ी।

अबतक आठ लोगों को गिराफ्तार किया गया है
बता दें कि इस मामले में पुलिस की विशेष जांच टीम (एसआईटी) ने अब तक 9 एफआईआर दर्ज कर 8 लोगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें एक महिला मैनेजर भी शामिल है। आरोपियों पर यौन उत्पीड़न, धार्मिक भावनाएं आहत करने, मानसिक प्रताड़ना और जबरन धर्म परिवर्तन की कोशिश जैसे गंभीर आरोप हैं। इसके साथ ही पुलिस ने एक अन्य आरोपी निदा खान की तलाश के लिए तीन टीमें बनाई हैं, जो अलग-अलग जगहों पर छापेमारी कर रही हैं।

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निदा खान ने सेशन कोर्ट में दायर की अग्रिम जमानत याचिका
इस बीच निदा खान ने नासिक सेशन कोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका दायर की है, जिस पर सुनवाई सोमवार को हुई। वहीं कंपनी ने कहा है कि वह कार्यस्थल पर किसी भी तरह के उत्पीड़न के खिलाफ सख्त जीरो टॉलरेंस नीति अपनाती है। कंपनी ने कुछ कर्मचारियों को निलंबित कर दिया है और मामले की जांच के लिए एक निगरानी समिति और बाहरी विशेषज्ञों को भी शामिल किया है।

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