प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राज्य सभा में कांग्रेस पर हमला करने के साथ भीड़ हिंसा और बिहार में दिमागी बुखार से हो रही मौतों पर खुलकर बोले। पीएम मोदी ने कांग्रेस पर हमला करते हुए कहा कि उसकी ऊंचाई उसे मुबारक, भाजपा का सपना जड़ों से जुड़ने का है। सरकार गरीबों के कल्याण और विकास के साथ देश को विकास की पटरी पर लाने की कोशिश कर रही है।
पीएम मोदी ने कहा कि चुनाव के वातावरण को बिगाड़ने का माहौल बनाया गया, फिर वीवीपैट पर भी सवाल उठाए गए लेकिन उसने ईवीएम की ताकत को और बढ़ा दिया। कांग्रेस की कुछ न कुछ दिक्कत है। आप जीत भी नहीं पचा पाते हैं और आप हार को भी स्वीकार नहीं कर पाते हैं।
पीएम मोदी ने कहा, यह तक कहा गया कि मीडिया के कारण हम चुनाव जीत गए, क्या मीडिया बिकाऊ है? जिन राज्यों में हमारी सरकार नहीं है उनमें भी यही लागू होगा क्या? तमिलनाडु और केरल में भी यही लागू होगा क्या?
पीएम मोदी ने कहा कि चुनाव में देश हार गया, लोकतंत्र हार गया, तो क्या वायनाड और रायबरेली में भारत हार गया? क्या अमेठी में भारत हार गया? कांग्रेस हारी तो देश हार गया ये कौन का तर्क है? कांग्रेस का मतलब देश नहीं।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि राजीव गांधी ने असम समझौते में एनआरसी स्वीकार किया था, आप इसका भी क्रेडिट लीजिए। उन्होंने कहा कि आधा लेना और आधा छोड़ना नहीं चलता। पीएम मोदी ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर हम एनआरसी लागू करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
पीएम ने कहा सरदार पटेल अगर देश के पहले प्रधानमंत्री होते तो आज कश्मीर समस्या न होती, उन्होंने 500 रिसासतों को एक किया इसमें कोई दो राय नहीं है। सरदार साहब कांग्रेसी थे और हमने उनकी सबसे बड़ी प्रतिमा गुजरात में बनवाई है।
बिहार में दिमागी बुखार से हो रही मौतों पर पीएम मोदी ने कहा, यह हमारे लिए शर्म और दुख की बात है। इसे हम सभी को गंभीरता से लेना होगा। हम बिहार के मुख्यमंत्री के संपर्क में हैं और हमारे स्वास्थ्य मंत्री भी इस ओर ध्यान दे रहे हैं।
पीएम मोदी ने कहा, झारखंड को भीड़ हिंसा का अड्डा बताया गया, युवक की हत्या का दुख मुझे भी है और सबको होना चाहिए। उन्होंने कहा, दोषियों को सजा होनी चाहिए, लेकिन इसके लिए एक राज्य को दोषी बताना क्या हमें शोभा देता है? फिर तो हमें वहां अच्छा करने वाले लोग ही नहीं मिलेंगे।
पीएम मोदी ने कहा कि न्यू इंडिया का भी विरोध किया जा रहा है, कुछ गलत हो सकता है लेकिन सब कुछ गलत बता देना कहां तक ठीक है। उन्होंने कहा कि ओल्ड इंडिया की मांग हो रही थी, क्यों भाई? ओल्ड इंडिया में कैबिनेट के फैसले को फाड़ दिया गया था।
पीएम ने कहा, पहले सरकार का काम फीता काटना और दिया जलाना माना जाता था लेकिन हमने नीति और रणनीति बदल दी है। गरीबों के लिए पहले भी घर बनते थे और हमने भी बनाए, लेकिन हमने 5 साल में 1.5 करोड़ बनाए और आप 25 लाख बनाते थे।
पीएम मोदी ने कहा कि आप सिर्फ ईवीएम का विरोध नहीं करते, आपने विरोधी दल को मतलब के शब्द के रूप में उतार लिया है और हर चीज का विरोध करते हैं। उन्होंने कहा कि डिजिटल लेन-देन का विरोध हुआ, आधार का विरोध किया गया।