नगालैंड पुलिस ने राज्य के एक वरिष्ठ आईएएस अधिकारी के खिलाफ यौन और मानसिक उत्पीड़न के आरोप में एफआईआर दर्ज किया है। इस मामले की जांच के लिए एक विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया है। अधिकारी पर नगालैंड निवेश एवं विकास प्रधिकरण (आईडीएएन) की कई महिला कर्मचारियों के साथ यौन और मानसिक उत्पीड़न का आरोप है।
महिला आयोग की अध्यक्ष ने की थी शिकायत
पुलिस मुख्यालय से जारी बयान के अनुसार नगालैंड राज्य महिला आयोग (एनएससीडब्लू) की अध्यक्ष न्गिनयेह कोन्याक ने 17 मार्च को पुलिस महानिदेशक को एक लिखित शिकायत दी थी। यह शिकायत आईडीएएन की कुछ महिला कर्मचारियों की ओर से दी गई थी। इन महिलाओं ने आरोप लगाया है कि अधिकारी ने वेतन बढ़ाने और नौकरी की सुरक्षा के बदले उनसे शारीरिक संबंध बनाने की मांग की।
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जांच में जुटी एसआईटी
बता दें कि नगालैंड पुलिस ने 5 अप्रैल को एक वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी की अगुवाई में एसआईटी बनाई है, जो इस मामले की गहराई से जांच कर रही है। इससे पहले महिला आयोग ने 5 मार्च को इन महिला कर्मचारियों के बयान भी दर्ज किए। इसके बाद 25 मार्च को जांच के लिए एक महिला डीएसपी को जिम्मेदारी सौंपी गई। डीएसपी ने 1 अप्रैल को अपनी रिपोर्ट में बताया कि आरोपों में प्रथम दृष्टया सच्चाई नजर आ रही है और मामले की गंभीर जांच होनी चाहिए। इसके बाद 2 अप्रैल को एफआईआर दर्ज की गई।
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पहले भी विवादों में रह चुके है अधिकारी
गौरतलब है कि यह आईएएस अधिकारी पहले भी विवादों में रह चुके हैं। साल 2021 में, जब वह नोकलाक जिले में डिप्टी कमिश्नर थे, तब उन पर दो नाबालिग घरेलू सहायिकाओं के साथ छेड़छाड़ का मामला दर्ज हुआ था। इस मामले में आरोप पत्र भी दायर किया गया था और विशेष पॉक्सो अदालत ने इसका संज्ञान लिया था। हालांकि, वर्तमान मामले में आईएएस अधिकारी ने सभी आरोपों को नकार दिया है। एसआईटी अब सभी पहलुओं की जांच कर रही है।