म्यूचुअल फंड कंपनी फ्रैंकलिन टेम्पलटन की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। निवेशकों को पैसे लौटाने के सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद अब प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने भी कंपनी और उसके शीर्ष अधिकारियों पर धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है।
छह म्यूचुअल फंड योजनाएं बंद करने का मामला
ईडी के अनुसार, अप्रैल 2020 में म्यूचुअल फंड की छह डेट योजनाएं बंद करने को लेकर चेन्नई की आर्थिक अपराध शाखा में मामला दर्ज किया गया था। इसी आधार पर ईडी ने भी जांच आगे बढ़ाई है।
निदेशालय इस बात की पड़ताल करेगा कि क्या छह निवेश योजनाओं को बंद करने से पहले कंपनी के शीर्ष अधिकारियों ने निवेशकों के पैसे कहीं और लगाए थे। कंपनी के फॉरेंसिक ऑडिट में पता चला था कि निवेश योजनाओं को बंद करने से ठीक पहले कंपनी के 23 शीर्ष अधिकारियों ने मार्च-अप्रैल में 53 करोड़ रुपये निकाले थे।
सेबी ने भी प्रबंधन से जुड़े अधिकारियों को नोटिस जारी किया है। कंपनी की छह डेट योजनाओं में निवेशकों के 26 हजार करोड़ रुपये फंसे हैं और अब तक 15,048 करोड़ की रिकवरी हो सकी है।