कर्नाटक के बीजापुर जिले में एक मुस्लिम गर्भवती महिला को दलित युवक से शादी करना महंगा पड़ गया। महिला के परिवार वालों ने पहले तो उसे धारदार हथियार से मारा और फिर जला दिया। पुलिस ने मामला दर्ज करके महिला के परिवार के चार सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस के अनुसार बीजापुर जिले के गुंडानकाला गांव में रहने वाली 21 साल की महिला बानू बेगम को गांव के ही दलित युवक सायाबन्ना से प्यार हो गया। जनवरी में उनके परिजनों को इसके बारे में पता चल गया। बानू के परिवार ने सायाबन्ना के खिलाफ पुलिस में पोक्सो के तहत मामला दर्ज करने के लिए कहा। लेकिन पुलिस ने ऐसा करने से इंकार कर दिया, क्योंकि सायाबन्ना बालिग है और उसके खिलाफ किसी तरह का कोई आपराधिक इतिहास नहीं है।
पुलिस द्वारा छोड़ने के बाद सायाबन्ना और बानू भागकर गोवा चले गए, फिर रजिस्ट्रार ऑफिस में शादी कर ली। 3 जून को दोनों अपने गांव ये सोचकर वापस आ गए कि उनके परिवार वाले माफ कर देंगे और अपना लेंगे। लेकिन उसके बाद भी परिवार वालों पर कोई असर नहीं पड़ा और पहले सायाबन्ना को पत्थरों से पीटा, फिर बानू को भी पीटा।
जब तक सायाबन्ना पुलिस से मदद मांगता तब तक बानू के घर वालों ने उसे बुरी तरह से पीटा और जिंदा जला दिया।