मुंबई में मलेरिया और एच1एन1 मामलों में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। बृहन्मुंबई नगर निगम (बीएमसी) ने अपनी एक रिपोर्ट में बुधवार को इस बारे में जानकारी दी। इस रिपोर्ट में बताया गया है कि बीते साल जुलाई माह से इस बार की तुलना करें तो मलेरिया के क्रमश: 797 और एच1एन1 (फ्लू) के 161 मामले दर्ज किए गए हैं। वहीं डेंगू और लेप्टोस्पायरोसिस संक्रमण के मामलो में गिरावट आई है।
बीएमसी ने 'मानसून से संबंधित बीमारियों' पर अपनी रिपोर्ट में कहा कि जुलाई 2023 की तुलना में, जुलाई 2024 के आंकड़ों में डेंगू, लेप्टोस्पायरोसिस और गैस्ट्रोएंटेराइटिस के मामलों में गिरावट दर्ज की गई है। हालांकि मुंबई में मलेरिया और एच1एन1 में थोड़ी बढ़ोतरी हुई।
रिपोर्ट के अनुसार, जुलाई 2024 में मुंबई में मलेरिया के 797 और एच1एन1 के 161 मामले दर्ज किए गए। बीते साल की इसी महीने में इन दोनों बीमारियों के मामले 721 और 106 थे। वहीं, जुलाई 2024 में डेंगू के 535, लेप्टोस्पायरोसिस के 141, गैस्ट्रोएंटेराइटिस के 1239, हेपेटाइटिस के 146 और चिकनगुनिया के 25 मामले दर्ज किए गए हैं। वहीं, जुलाई 2023 में इन बीमारियों का आंकड़ा क्रमश: 685, 413, 1767, 144 और 27 था।
बीएमसी ने रिपोर्ट में यह भी बताया कि उसने जुलाई 2024 में घर-घर बुखार सर्वेक्षण के दौरान लगभग 11.95 लाख घरों और लगभग 55.80 लाख आबादी को कवर किया। साथ ही 84,116 लोगों को लेप्टोस्पायरोसिस के लिए प्रोफिलैक्सिस दिया। बीएमसी ने यह भी कहा कि उसने 'भाग मच्छर भाग' नाम से एक जागरूकता अभियान भी शुरू किया है। इस अभियान के तहत मच्छर नियंत्रण उपायों की वकालत करते हुए मराठी और हिंदी फिल्म उद्योगों की मशहूर हस्तियों की उपस्थिति और संदेश शामिल होंगे। इन संदेशों को वीडियो क्लिप के माध्यम से प्रसारित किया जाएगा।
इसके अलावा, नगर निकाय ने सांस संबंधी बीमारी एच1एन1 की रोकथाम के लिए लोगों को फेस मास्क पहनने और भीड़-भाड़ वाली जगहों से बचने की सलाह दी।