मुंबई पुलिस मुस्लिम धर्मप्रचारक और उपदेशक जाकिर नाईक के खिलाफ सबूतों को इकट्ठा कर उस पर शिकंजा कसने की फिराक में है। समझा जा रहा है कि यदि ठोस सबूत पुलिस के हाथ लगे तो सऊदी अरब से लौटने के बाद जाकिर नाईक को गिरफ्तार किया जा सकता है।
जाकिर नाईक के खिलाफ जांच का आदेश होने के बाद मुंबई पुलिस उसके भाषणों की सीडी खंगालने में जुट गई है। मुंबई पुलिस के प्रवक्ता डीसीपी अशोक दुधे ने इसकी पुष्टि की है।
डीसीपी अशोक दुधे ने बताया कि अतिरिक्त पुलिस आयुक्त के नेतृत्व में मुंबई पुलिस के स्पेशल ब्रांच के 15 से 20 पुलिसकर्मियों की टीम बनाई गई है जिसके माध्यम से डॉ. नाईक से संबंधित ऑनलाइन डाटा, स्कैनिंग वीडियो और जाकिर के द्वारा वितरित की गई सीडी इकट्ठा की जा रही हैं।
इसके अलावा विदेशी फंडिंग और बिना इजाजत केबल टीवी पर पीस चैनल के प्रसारण से लेकर विवादित मुद्दों की भी जांच हो रही है। बांग्लादेश की राजधानी ढाका में हुए आतंकी हमले के बाद से ही जाकिर नाईक विवादों में है।
इस हमले में शामिल आतंकियों में से दो आतंकी के बारे में पता चला है कि वे जाकिर नाईक के विचारों से प्रेरित थे। पुलिस की जांच में यह जानकारी सामने आई है कि जाकिर नाईक के भाषण की सीडी तकरीबन हर मुस्लिम इलाके में उपलब्ध है जिसे पुलिस इकट्ठा कर रही है।
नाईक के आंतकियों से तार जुड़े होने की आशंका के चलते महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेन्द्र फडणवीस ने उनकी अब तक की गतिविधियों की गहराई से छानबीन का आदेश दिया है। उसके बाद मुंबई पुलिस सक्रिय हुई है।
शुक्रवार को सूबे के राजस्व संजय राठौड़ राज्यमंत्री ने कहा कि जिन केबल आपरेटरों ने भी पीस टीवी का प्रसारण दिखाया है। उनकी जांच होगी और कार्रवाई होगी। दोषी पाए जाने पर लाइसेंस भी रद्द किया जाएगा।