आईआईटी बॉम्बे के नाम को बदलने को लेकर केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह के बयान पर महाराष्ट्र सरकार ने नाराजगी जताई है। मंत्री आशीष शेलार ने कहा कि सरकार ने इस मुद्दे पर केंद्र को पत्र लिखा है। जानिए क्या है पूरा विवाद...
भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) बॉम्बे के नाम को लेकर दिए गए केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह के बयान पर महाराष्ट्र सरकार ने कड़ी नाराजगी जताई है। राज्य के सांस्कृतिक कार्य मंत्री आशीष शेलार ने शनिवार को विधान परिषद में स्पष्ट किया कि सरकार इस टिप्पणी से खुश नहीं है और इस संबंध में केंद्र सरकार को औपचारिक पत्र भी भेजा गया है।
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यह बयान शिवसेना (यूबीटी) के सदस्य अनिल परब द्वारा उठाए गए सवाल के जवाब में दिया गया। परब ने कहा कि आईआईटी बॉम्बे को लेकर केंद्रीय मंत्री की टिप्पणी से महाराष्ट्र की अस्मिता को ठेस पहुंची है और सरकार को इस पर अपना रुख साफ करना चाहिए।
केंद्र को भेजा गया पत्र
विधान परिषद में जवाब देते हुए मंत्री आशीष शेलार ने कहा महाराष्ट्र सरकार का रुख बिल्कुल स्पष्ट है बॉम्बे नहीं, मुंबई। सरकार इस बयान से न केवल नाराज है, बल्कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इस मुद्दे पर केंद्र सरकार को पत्र लिखकर राज्य का पक्ष भी रखा है।
What Is IIT Bombay Name Change Controversy: क्या था केंद्रीय मंत्री का बयान
नवंबर के अंतिम सप्ताह में एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा था कि आईआईटी बॉम्बे का नाम अब तक बदला नहीं गया है, यह अच्छी बात है। इसे मुंबई नहीं किया गया। यही स्थिति आईआईटी मद्रास की भी है। इस बयान के बाद राज्य की राजनीति में तीखी प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं।
राजनीतिक प्रतिक्रियाएं तेज
इस टिप्पणी पर महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) प्रमुख राज ठाकरे ने तीखी प्रतिक्रिया दी थी और इसे सरकार की मानसिकता दर्शाने वाला बताया था। इसके बाद मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी स्पष्ट किया कि राज्य सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और शिक्षा मंत्रालय को पत्र लिखकर IIT बॉम्बे का नाम IIT मुंबई करने की मांग करेगी।
बॉम्बे से मुंबई तक का सफर
गौरतलब है कि महाराष्ट्र की राजधानी का नाम वर्ष 1995 में आधिकारिक रूप से बॉम्बे से बदलकर मुंबई किया गया था। यह बदलाव स्थानीय देवी मुंबादेवी के सम्मान में और औपनिवेशिक दौर की पहचान को पीछे छोड़ने के उद्देश्य से किया गया था। अब आईआईटी बॉम्बे के नाम को लेकर उठा यह विवाद एक बार फिर राज्य की अस्मिता और पहचान से जुड़े सवालों को राजनीतिक विमर्श के केंद्र में ले आया है।