भारत की औद्योगिक राजधानी में तबाही मचाने के बाद बारिश कुछ थम गई है और जिंदगी अब धीरे-धीरे पटरी पर लौट रही है। मूसलाधार बारिश और जलभराव से कुछ राहत के बाद अब सड़कों पर लग रहे ट्रैफिक जाम से लोग हलकान हैं।
बारिश की वजह से मुंबई हवाई अड्डे का मुख्य रनवे अभी भी बंद है, दूसरे रनवे से विमान उड़ान भर रहे हैं। केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि मुंबई एयरपोर्ट बंद नहीं हुआ है। एक रनवे जिस से प्रति घंटे 45 विमान उड़ान भरते थें अब उनसे केवल 36 विमान उड़ान भर रहे हैं। थोड़ी अव्यवस्था जरूर हुई है लेकिन इसे बहुत जल्दी सुलझा लिया जाएगा।
मुंबई में 26 जुलाई, 2005 की बारिश की कहर के बाद सोमवार सुबह से मंगलवार सुबह साढ़े आठ बजे तक हुई 375.2 मिलीमीटर बारिश सबसे ज्यादा तकलीफदेह रही। इससे बस, ट्रेन और विमान, तीनों सेवाएं प्रभावित रहीं। ट्रेनें रद्द की गईं या गंतव्य से पहले ही रोक दी गईं। वहीं कुछ उड़ानों को रद्द करना पड़ा जबकि कई अन्य को दूसरे हवाई अड्डों पर उतारना पड़ा।
बृहन मुंबई महा नगरपालिका (बीएमसी) के एक अधिकारी ने बुधवार को बताया कि बारिश थमने के कारण शहर के किसी भी हिस्से में अब जलभराव की स्थिति नहीं है। लोकल ट्रेनें और बेस्ट की बसें समय से चल रही हैं। बेस्ट के प्रवक्ता के अनुसार, 3,203 बसों में से 2,950 फिलहाल सड़कों पर हैं।
मध्य रेलवे ने रविवार की समय सारणी के अनुरुप मुंबई में लोकल ट्रेनें चलाने का फैसला किया है। इसका अर्थ है कि फिलहाल सामान्य कामकाजी दिनों के मुकाबले कुछ कम ट्रेनें चलेंगी। मध्य रेलवे के मुख्य प्रवक्ता सुनील उदासी ने बताया कि मौसम विभाग को बुधवार को फिर से मूसलाधार बारिश होने और ऊंची लहरे उठने की आशंका है।
इस पूर्वानुमान को देखते हुए हमने तीन जुलाई को मुंबई में रविवार की समय सारणी के अनुरुप ट्रेनें चलाने का फैसला लिया है। उन्होंने कहा कि जरुरत होने पर अतिरिक्त लोकल ट्रेनें चलाई जाएंगी।