फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

'फ्री कश्मीर' पोस्टरवार... शिवसेना की किरकिरी, महक व खालिद समेत चार पर केस

Wed, 08 Jan 2020 04:03 AM IST
अमित मंडल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई

सार

  • भाजपा ने उद्धव ठाकरे से पूछा, नाक के नीचे कैसे बर्दाश्त किया
  • शिवसेना ने कहा- पोस्टर इंटरनेट सेवा बहाल करने से संबंधित
  • यह काम गिने-चुने अराजकतावादी तत्वों का : प्रकाश जावड़ेकर
विज्ञापन
फ्री कश्मीर का पोस्टर लिए महक मिर्जा प्रभु - फोटो : एएनआई
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मुंबई के गेटवे ऑफ इंडिया पर जेएनयू में हुई हिंसा के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान ‘फ्री कश्मीर’ का पोस्टर दिखाने पर सियासी घमासान छिड़ गया है। भाजपा ने इस मसले पर महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे और शिवसेना को कठघरे में खड़ा किया, वहीं केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने कहा कि यह काम गिने-चुने अराजकतावादी तत्वों का है। पुलिस ने पोस्टर लहराने वाली महिला महक मिर्जा प्रभु के खिलाफ केस दर्ज किया है। इसके अलावा उमर खालिद के खिलाफ भी मामला दर्ज किया गया है।  

विज्ञापन


वहीं, भाजपा नेता किरीट सोमैया ने मामले में पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। इस बीच, शिवसेना प्रवक्ता संजय राउत ने कहा, पोस्टर दिखानेवाले छात्रों ने सफाई दी है कि वे इंटरनेट, मोबाइल सेवाओं और अन्य मुद्दों पर प्रतिबंध से मुक्ति चाहते हैं। इसके बावजूद अगर कोई भारत से कश्मीर की आजादी की बात करता है तो इसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

इससे पहले, पूर्व सीएम देवेंद्र फडणवीस ने ट्विटर पर पोस्टर की तस्वीर टैग करते हुए ठाकरे से पूछा, यह प्रदर्शन किस बात को लेकर था? फ्री कश्मीर के नारे लगाए जा रहे हैं। उद्धव जी आपकी नाक के नीचे यह सब हुआ। क्या आप भारत विरोधी अभियान को बर्दाश्त कर रहे हैं? वहीं, मुंबई कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष संजय निरुपम ने भी पोस्टर पर सवाल उठाए। निरुपम ने ट्वीट किया, जेएनयू मामले का कश्मीर की आजादी से क्या रिश्ता? इन लोगों को किसने यहां भेजा? सरकार इसकी जांच कराए।

विज्ञापन

फडणवीस और पाटिल में ट्विटर वार 

महाराष्ट्र के मंत्री जयंत पाटिल ने फडणवीस को जवाब देते हुए ट्वीट किया, देवेंद्र जी इसका अर्थ है कि कश्मीर को सभी प्रकार के भेदभाव से मुक्त किया जाए। मुझे भरोसा नहीं कि आप जैसा जिम्मेदार नेता लोगों को गुमराह करने की कोशिश कर रहा है। यह सत्ता छिनने के कारण हो रहा है या खुद से नियंत्रण खो देने से?

इस पर फडणवीस ने लिखा, अफसोस की बात है कि अलगाववादी विचारधारा को सरकार का समर्थन मिल रहा है। जयंत राव आपसे इस वोट बैंक की राजनीति की उम्मीद नहीं थी। कश्मीर पहले से ही भेदभाव से मुक्त है। सत्ता में हो या विपक्ष में, हमारे देश सबसे पहले है।

उमर खालिद पर भी केस दर्ज

वहीं, मुंबई पुलिस ने उमर खालिद के खिलाफ भी दो केस दर्ज किए हैं। हुतात्मा चौक से गेटवे ऑफ इंडिया तक मार्च निकालने और यहां गैरकानूनी रूप से जमा होने को लेकर खालिद के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। 
विज्ञापन

किसने क्या कहा

कश्मीर भारत का अटूट अंग  

पूरे देश ने जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 के प्रावधानों को खत्म करने का समर्थन किया है। कश्मीर के अंदर किसी ने ऐसे नारे नहीं लगाए और अब अगर इस क्षेत्र से बाहर कोई ऐसे नारे लगाता है तब इसका मतलब नहीं बनता। कश्मीर भारत का अटूट अंग है।
- प्रकाश जावड़ेकर, केंद्रीय मंत्री

कश्मीर की आजादी की बात बर्दाश्त नहीं 

हमें पोस्टर उठाने के पीछे मकसद देखने की जरूरत है। क्या यह इंटरनेट से प्रतिबंध हटाने को लेकर था? अगर यह कश्मीर को भारत से मुक्त करने को लेकर था तो बेहद गलत था। इसकी निंदा की जानी चाहिए। प्रदर्शनकारी भी इसका समर्थन नहीं करेंगे। कश्मीर की आजादी की बात बर्दाश्त नहीं।
- आदित्य ठाकरे, मंत्री, महाराष्ट्र 

टुकड़े-टुकड़े गैंग के प्रति निष्ठा

अब शिवसेना के संजय राउत ने फ्री कश्मीर पोस्टर का बचाव किया। सोनिया सैनिकों ने टुकड़े टुकड़े गैंग के प्रति अपनी निष्ठा दिखाने के प्रयास में जल्द ही श्रीराम को बदनाम करते सुना जा सकता है। जल्द ही हिंदू आतंकवाद को लेकर भी इनके स्वर बदल सकते हैं।
- संबित पात्रा, भाजपा प्रवक्ता  

कश्मीरियों को मिले हक 

मैं कश्मीरी नहीं, महाराष्ट्र की हूं। मैंने यह पोस्टर इसलिए उठाया क्योंकि हम सांविधानिक हल की लड़ाई लड़ रहे हैं। अगर कश्मीरी हमारे अपने हैं, तो उन्हें भी हमारी तरह हक मिले। वहां पांच महीने से इंटरनेट बंद हैं। क्या उन्हें इसका हक नहीं है।
- महक मिर्जा प्रभु, पोस्टर उठाने वाली छात्रा

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें