मुंबई में हुए तीन बम धमाकों में दस साल की सजा काटने के बाद सिमी का पूर्व महासचिव साकिब नाचन बुधवार को आखिरकार ठाणे जेल से रिहा हो गया। साकिब नाचन को दस साल की सजा हुई थी लेकिन, जेल में अच्छे बर्ताव को देखते हुए उसे पांच महीने 13 दिन पहले ही जेल से रिहा कर दिया गया।
बुधवार को ठाणे सेंट्रल जेल से रिहा होने के बाद साकिब अपने परिजनों से मिलकर काफी खुश दिख रहा था। उसने पत्रकारों से बातचीत में शांतिपूर्ण जीवन बिताने की इच्छा जताई। बता दें कि मुंबई में दिसंबर 2002 और मार्च 2003 के दौरान हुए बम धमाकों के मामले में साकिब नाचन को मुंबई की विशेष अदालत ने आतंकवाद रोकथाम कानून के तहत दस साल कैद की सजा सुनाई थी।
इन धमाकों में 13 लोगों की मौत हुई थी जबकि 147 लोग घायल हुए थे। साकिब को लश्कर-ए-तैयबा के साथ मिलकर बम धमाको को अंजाम देने का दोषी पाया गया था।
इन तिथियों को हुए थे बम धमाके
- पहला धमाका छह दिसंबर 2002 को मुंबई सेंट्रल स्टेशन स्थित मैकडोनाल्ड रेस्तरां में शाम को राजधानी एक्सप्रेस छूटने के कुछ समय पहले हुआ था जिसमें 27 लोग घायल हुए थे।
- दूसरा विस्फोट 27 जनवरी 2003 की शाम विले पार्ले स्टेशन के बाहर साइकिल पर लगाए गए बम से हुआ था। इसमें एक महिला की मौत हुई थी और 32 लोग घायल हुए थे।
- तीसरा धमाका 13 मार्च 2003 को मुंबई छत्रपति शिवाजी टर्मिनस से कर्जत जा रही लोकल ट्रेन में हुआ था जिसमें 12 लोगों की मौत हो गई थी और 90 से अधिक घायल हुए थे।