सपा में जारी विवाद के लिए रामगोपाल यादव को सीधे तौर पर जिम्मेदार ठहराने वाले मुलायम सिंह यादव ने अब उनके खिलाफ संसद में भी मोर्चा खोल लिया है। मुलायम ने उपराष्ट्रपति और राज्यसभा के सभापति हामिद अंसारी को पत्र लिख कर रामगोपाल को राज्यसभा में पार्टी के नेता पद से हटाने और उन्हें निर्दलीय सदस्य घोषित करने की मांग की है।
इस पत्र में मुलायम ने सभापति को रामगोपाल को 6 साल के लिए पार्टी से निष्कासित करने की भी सूचना दी है। गौरतलब है कि विवाद के शुरुआती दौर में जब रामगोपाल पहली बार पार्टी से निलंबित किए गए थे, तब भी उन्होंने सपा के संसदीय दल के नेता के रूप में पार्टी का पक्ष राज्यसभा में रखा था।
इसके अगले ही दिन मुलायम ने रामगोपाल के निष्कासन को रद्द करने की घोषणा की। विवाद के दूसरे दौर में एक बार फिर से रामगोपाल को निष्कासित किया गया था। हालांकि इसके बाद एक नाटकीय घटनाक्रम में उनका निष्कासन एक बार फिर से रद्द कर दिया गया था।