मध्यप्रदेश कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और वरिष्ठ नेता कमलनाथ ने शुक्रवार को दिल्ली में कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात की। कमलनाथ ने सोनिया गांधी से खुद के लिए राज्यसभा के टिकट की मांग की है। दरअसल, मध्यप्रदेश से राज्यसभा की 5 सीटें खाली हो रही हैं। अंकगणित के हिसाब से इनमें से चार भाजपा और एक सीट कांग्रेस को जाएगी। कांग्रेस में इस एक सीट के लिए एक अनार सौ बीमार जैसी स्थिति है। पूर्व सीएम कमलनाथ से लेकर पीसीसी चीफ जीतू पटवारी और पूर्व केंद्रीय मंत्री अरुण यादव तक कई दिग्गजों के नाम इस एक सीट के लिए चल रहे हैं, हालांकि कांग्रेस के पिछड़ा वर्ग कार्ड के चलते इन नामों में अरुण यादव का दावा सबसे मजबूत माना जा रहा है। इस बीच 13 फरवरी को कमलनाथ ने कांग्रेस विधायकों को डिनर पर बुलाया है।
अपने बेटे नकुलनाथ को छिंदवाड़ा से लड़ाने का एलान कर चुके कमलनाथ खुद के लिए राज्यसभा चाहते हैं। कमलनाथ के करीबी सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस आलाकमान अगर किसी पिछड़ा, ओबीसी या एससी-एटी को राज्यसभा देने की वकालत करता है, तो कमलनाथ आखिरी मौके में अपने करीबी पूर्व सांसद सज्जन (एससी) पर दांव लगा सकते हैं। इसके पहले कमलनाथ ने कहा था कि उनके बेटे नकुल एआईसीसी द्वारा सीट के लिए नामांकित किए जाने के बाद आगामी चुनाव में मध्यप्रदेश के छिंदवाड़ा लोकसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ेंगे। कमलनाथ का बयान नकुल के बयान के एक दिन बाद आया था, जो वर्तमान में छिंदवाड़ा लोकसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हैं, उन्होंने घोषणा की थी कि वह आगामी चुनावों में इस सीट से फिर से चुनाव लड़ेंगे। हालांकि बाद में कमलनाथ ने इस विषय पर सफाई भी दी थी।