जातीय बंटवारा
50 फीसदी समान्य वर्ग जो गैर मुस्लिम हैं वो अमीर लोगों की सूची में हैं जबकि 4% समान्य लोग गरीबी की श्रेणी में आते हैं। 25 फीसदी मुस्लिम और ओबीसी भी अमीर के श्रेणी में आते हैं और पर ज्यादातर आबादी मध्यम समूह में हैं।
शिक्षा और आय
50 फीसदी गैर मुस्लिम सामान्य वर्ग के परिवार में कम से कम एक व्यक्ति बारहवीं पास है।जबकि 15 % अनुसूचित जनजाति परिवार ऐसे हैं जिनमें उच्च माध्यमिक से अधिक शिक्षा प्राप्त लोग हैं। शिक्षा के हिसाब से ही लोगों को रोजगार और व्यवसाय पाने में मदद मिली हैं।
सबसे ज्यादा गरीबी
राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वे 2015-2016 के अनुसार सबसे ज्यादा गरीबी उत्तर प्रदेश के श्रावस्ती में हैं ,यहां की आबादी की 61% लोग गरीब हैं जबकि देश के 640 जिले सबसे ज्यादा विपन्न लोगों में आते हैं।
सबसे ज्यादा अमीर
पंजाब के जालंधर में सबसे ज्यादा संपन्नता देखी गई है,रिपोर्ट के मुताबिक 88% आबादी अमीर है जो देश में शीर्ष पर है।
राजधानी के लिए सबसे संपन्न होने का तमगा लोगों को यहां बसने के लिए आकर्षित तो करेगी लेकिन सुख-सुविधा का पैमाना और खुशियों का पैमाना एक दुसरे से काफी जुदा होता है, तो क्या छोटे शहरोंं के लोग महानगरों की चुनौतियों को मानसिक शांति और खुशी की जगह चुनेंगे?