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चिंताजनक: फूड पैकेजिंग सामग्री के 3600 केमिकल इन्सानों में मिले, जानें किन धातुओं के जरिये भोजन में पहुंच रहे

Sat, 21 Sep 2024 05:21 AM IST
दीपक कुमार शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली

सार

शोधकर्ताओं ने पहले खाद्य पदार्थों के संपर्क में आने वाले करीब 14,000 केमिकल्स की लिस्ट बनाई थी जो प्लास्टिक, धातु, कागज या कांच जैसी पैकेजिंग सामग्री से भोजन में प्रवेश कर सकते हैं। यह केमिकल भोजन तैयार करने के दौरान रसोई के बर्तनों आदि के संपर्क में आने से भी आ सकते हैं।
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फूड (सांकेतिक तस्वीर) - फोटो : Istock
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विस्तार
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इन्सानी शरीर में फूड पैकेजिंग में उपयोग होने वाले 3,600 से ज्यादा केमिकल मिले हैं। इनमें से कुछ केमिकल स्वास्थ्य के लिए बेहद हानिकारक हैं। ज्यूरिख के फूड पैकेजिंग फोरम फाउंडेशन के इस अध्ययन के नतीजे जर्नल ऑफ एक्सपोजर साइंस एंड एनवायरन्मेंटल एपिडेमियोलॉजी में प्रकाशित हुए हैं।

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शोधकर्ताओं ने पहले खाद्य पदार्थों के संपर्क में आने वाले करीब 14,000 केमिकल्स की लिस्ट बनाई थी जो प्लास्टिक, धातु, कागज या कांच जैसी पैकेजिंग सामग्री से भोजन में प्रवेश कर सकते हैं। यह केमिकल भोजन तैयार करने के दौरान रसोई के बर्तनों आदि के संपर्क में आने से भी आ सकते हैं। शोधकर्ताओं ने इस अध्ययन में इंसानों में केमिकल्स को ट्रैक करने वाले मौजूदा बायोमॉनिटरिंग डाटाबेस की भी जांच की है ताकि इनकी उपस्थिति का पता लगाया जा सके। इस जांच में शोधकर्ताओं को कुछ केमिकल्स के मिलने की आशंका थी, लेकिन उन्हें 3,601 केमिकल मिले। यह भोजन के संपर्क में आने वाले सभी ज्ञात केमिकल्स का करीब एक चौथाई है। अध्ययन के मुताबिक इनमें से पर-एंड पॉली-फ्लोरो अल्काइल सब्स्टेंसेस (पीएफएएस) और बिस्फेनॉल ए केमिकल मानव शरीर में पहले भी पाए जा चुके हैं। इन पर प्रतिबंध लगाने की भी तैयारी की जा रही है।

100 केमिकल बेहद हानिकारक
शोधकर्ता बिरगिट ग्यूके का कहना है कि इनमें से करीब 100 केमिकल ऐसे हैं जो इंसानों के लिए बेहद नुकसानदेह माने जाते हैं। हम इनमें से कई केमिकल्स के स्वास्थ्य पर पड़ने वाले प्रभावों के बारे में ज्यादा नहीं जानते हैं। ऐसे में कैसे यह पैकेजिंग केमिकल हमारे भोजन तक पहुंच रहे हैं इसके बारे में और अधिक अध्ययन की आवश्यकता है।

  • अध्ययन में यह पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो सका कि यह सभी केमिकल्स सिर्फ फूड पैकेजिंग से ही आए हैं क्योंकि इनके अन्य संभावित स्रोत भी हैं।

अध्ययन के दौरान प्लास्टिक में उपयोग होने वाला केमिकल बिस्फेनॉल ए भी पाया गया है, जो हार्मोन को प्रभावित करने के लिए जाना जाता है। इस केमिकल के उपयोग को पहले ही कई देशों में शिशुओं के लिए उपयोग होने वाली बोतलों में प्रतिबंधित किया जा चुका है।

  • भोजन को पैकेजिंग में गर्म करने से बचें शोधकर्ताओं ने चेतावनी दी है कि यह केमिकल एक-दूसरे के साथ परस्पर क्रिया कर सकते हैं। ऐसे में शोधकर्ताओं ने खाद्य पदार्थों और पैकेजिंग के बीच संपर्क को कम करने के साथ भोजन को पैकेजिंग में गर्म करने से बचने की सलाह दी है।

त्वचा के जरिए रक्त में प्रवेश कर सकते हैं फॉरएवर केमिकल

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जर्नल एनवायरनमेंट इंटरनेशनल में प्रकाशित एक अन्य अध्ययन ने पुष्टि की है कि उद्योगों और रोजमर्रा के उत्पादों में पाए जाने वाले कई फॉरएवर केमिकल त्वचा के जरिए रक्त में प्रवेश कर सकते हैं। इन फॉरएवर केमिकल्स का उपयोग पानी और दागों को दूर रखने की अद्भुत क्षमता के कारण उद्योगों के साथ-साथ कई उपभोक्ता उत्पादों जैसे वाटरप्रूफ कपड़ों, स्कूल यूनिफॉर्म और व्यक्तिगत देखभाल उत्पादों में किया जाता है।

एंटी फाॅगिंग स्प्रे में भी मिले बड़े पैमाने पर केमिकल
जर्नल एनवायर्नमेंटल साइंस एंड टेक्नोलॉजी में प्रकाशित एक अध्ययन में शोधकर्ताओं को एंटी-फॉगिंग स्प्रे में भी बड़े पैमाने पर यह हानिकारक केमिकल्स मिले हैं।

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