दुनिया में चालीस लाख हेक्टेयर बंजर जमीन है जिसका 29 फीसदी भारत में है, यानी देश में कुल 169 करोड़ हेक्टेयर बंजर जमीन है। इसे खेती योग्य बनाने के लिए सरकार लगातार काम कर रही है। ग्रेटर नोएडा में होने वाले आयोजन में तीन हजार वैज्ञानिक, विषय के विशेषज्ञ समेत देशों के प्रतिनिधि भी शिरकत करेंगे।
यूएन सीसीडी कॉप-14 के नियम के तहत अगले दो साल तक भारत इसकी अध्यक्षता करेगा। दो सिंतबर से होने वाले सम्मेलन में 100 देशों के मंत्री शामिल होंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी इस सम्मेलन में शिरकत करेंगे। इस दौरान बंजर भूमि को लेकर पूरी दुनिया की चिंताओं पर एक साथ चर्चा करके इसका सर्वमान्य हल सुनिश्चित किया जाएगा।
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12 दिन के सम्मेलन में चार सिंतबर को दुनिया के देशों के साथ लैंगिक समानता विषय पर चर्चा होगी। क्योंकि भारत में जमीन पर बेटियों का भी हक है। 5 सिंतबर को साइंस डे होगा, जिसमें बंजर धरती को उपजाऊ बनाने के लिए दुनिया भर के शोधार्थी अपने प्रयोगों पर आधारित अनुभव को बांटेंगे। नौ सिंतबर को मंत्रीयों की बैठक होगी। इसके बाद के तीन दिन साइट इवेंट के लिए रखे गए हैं।