सोशल मीडिया पर किसान आंदोलन को हवा देने वाले एक खालिस्तानी समूह का वीडियो सामने आया है। कनाडा के पोएटिक जस्टिस फाउंडेशन के संस्थापक मो धालीवाल वीडियो में कह रहा है कि अगर कल कृषि कानून वापस भी हो जाएं तो यह हमारे लिए जीत नहीं होगी।
यह जंग कृषि कानूनों की वापसी के साथ शुरू होगी। धालीवाल कह रहा है कि किसी को यह मत कहने दो कि जारी जंग कानून वापसी के साथ खत्म हो जाएगी। हालांकि, इस वीडियो की कोई पुष्टि नहीं हो सकी है। दरअसल, वे इस आंदोलन की ऊर्जा को खत्म करना चाहते हैं।
वे आपसे यह कहना चाहते हैं कि आप पंजाब से अलग हैं और खालिस्तानी आंदोलन से अलग हैं, जो कि आप नहीं हैं। बताया जा रहा है कि पर्यावरण कार्यकर्ता ग्रेटा थनबर्ग की तरफ से ट्विटर पर पोस्ट की गई टूलकिट को धालीवाल ने ही तैयार किया है।