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Maharashtra: मराठी लोगों और राज ठाकरे के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी, मनसे कार्यकर्ताओं ने फूड स्टॉल संचालक को पीटा

Sat, 09 Aug 2025 01:38 PM IST
अभिषेक दीक्षित न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुंबई

सार

घटना ठाणे जिले के मीरा भयंदर इलाके में मनसे कार्यकर्ताओं की ओर से एक उत्तर भारतीय मिठाई की दुकान के मालिक की मराठी न बोल पाने के कारण पिटाई की घटना के बाद हुई। पुलिस ने मीरा भयंदर घटना में मामला दर्ज किया था। 
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के कार्यकर्ताओं ने ठाणे जिले के कल्याण इलाके में एक फूड स्टॉल संचालक की पिटाई कर दी। बताया गया कि मनसे कार्यकर्ताओं ने फूड स्टॉल संचालक पर मराठी लोगों और राज ठाकरे के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी करने का आरोप लगाते हुए कथित तौर पर हमला कर दिया। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो का संज्ञान लेते हुए एक पुलिस अधिकारी ने कहा कि कानून को कोई भी अपने हाथ में नहीं ले सकता है। हमने निगरानी बढ़ा दी है।

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घटना शुक्रवार को दुर्गामाता मंदिर चौक इलाके के एक होटल में हुई। वीडियो क्लिप में मनसे के कल्याण (पूर्व) पदाधिकारी कुश राजपूत और अन्य कार्यकर्ता एक दक्षिण भारतीय फूड आउटलेट के संचालक से भिड़ते और उसकी पिटाई करते हुए दिखाई दे रहे हैं। वीडियो में देखा गया कि उसे माफी मांगने और भविष्य में ऐसी टिप्पणी न करने का वादा करने के लिए मजबूर किया गया।

हाल में बढ़ीं ऐसी घटनाएं
घटना ठाणे जिले के मीरा भयंदर इलाके में मनसे कार्यकर्ताओं की ओर से एक उत्तर भारतीय मिठाई की दुकान के मालिक की मराठी न बोल पाने के कारण पिटाई की घटना के बाद हुई। पुलिस ने मीरा भयंदर घटना में मामला दर्ज किया था। 
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निगरानी बढ़ा दी गई
पुलिस अधिकारी आगे कहा, 'हमने कल्याण की घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर देखा है। अभी तक कोई पुलिस शिकायत दर्ज नहीं की गई है। हमने इलाके में कानून-व्यवस्था की निगरानी बढ़ा दी है।'

क्या है त्रि-भाषा नीति?
महाराष्ट्र में त्रि-भाषा नीति के कार्यान्वयन को लेकर उठे विवाद के बीच पिछले दो महीनों में मुंबई महानगर क्षेत्र में बसे उत्तर भारतीय प्रवासियों पर हमले बढ़े हैं। स्कूली पाठ्यक्रम में हिंदी को लागू करने को लेकर मचे बवाल के बीच महायुति सरकार को जून में दो सरकारी प्रस्तावों को वापस लेना पड़ा था, जिनमें कथित तौर पर कक्षा एक से पांच तक के छात्रों के लिए हिंदी को डिफॉल्ट तीसरी भाषा बनाया गया था।

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Court room - फोटो : Freepik
2008 में बवाल करने और महिला पर हमला करने के आरोपी पांच लोग बरी
इस बीच एक अन्य मामले में  ठाणे जिले की एक अदालत ने 2008 में दंगा करने और एक महिला पर हमला करने के पांच आरोपियों को प्रत्यक्ष और ठोस सबूतों के अभाव का हवाला देते हुए बरी कर दिया। कल्याण अदालत के जिला न्यायाधीश पीपी मुले ने धनजी लक्ष्मण घावट, नामदेव मोतीराम घावट, पांडुरंग यशवंत घावट, पांडुरंग देउ वडावले और वामन बलसीराम घावट को भारतीय दंड संहिता और अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत आरोपों से बरी कर दिया। 2 अगस्त को पारित आदेश की एक प्रति शनिवार को सामने आई। इससे पहले  21 मार्च, 2008 को अभियुक्त ने कथित तौर पर मुरबाद तालुका के मिल्हे गांव में एक गैरकानूनी सभा का आयोजन किया। इस दौरान एक महिला का शील भंग किया गया और बाद में एक पड़ोसी के घर में घुसकर नुकसान पहुंचाया गया। आरोपियों ने लोगों पर हमला भी किया।
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