सार
असम के काकोपाथार इलाके में 17 अक्तूबर की आधी रात को अज्ञात उग्रवादियों ने सेना की कंपनी लोकेशन पर ऑटोमैटिक हथियारों से फायरिंग की। भारतीय सेना के जवानों ने तुरंत और सावधानीपूर्वक जवाबी कार्रवाई की, जिससे आतंकियों को भागना पड़ा।
असम के काकोपाथार इलाके में बुधवार देर रात एक बड़ा हमला हुआ। आधी रात के करीब कुछ अज्ञात उग्रवादियों ने भारतीय सेना की कंपनी लोकेशन पर फायरिंग की। जानकारी के मुताबिक, उग्रवादियों ने यह हमला एक चलती गाड़ी से किया और ऑटोमैटिक हथियारों से अंधाधुंध गोलियां चलाईं। सेना के जवानों ने बिना देर किए जवाबी कार्रवाई की। जवानों ने गोलियां चलाते समय इस बात का पूरा ध्यान रखा कि आसपास के रिहायशी इलाकों को कोई नुकसान न हो। सेना की त्वरित और सटीक प्रतिक्रिया के कारण उग्रवादियों को वहां से भागना पड़ा।
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सेना के तीन जवानों को लगी चोट- पीआरओ गुवाहाटी
इस हमले में किसी को गंभीर चोट नहीं लगी है। हालांकि, सेना के तीन जवानों को हल्की खरोंचें आई हैं। सभी सुरक्षित बताए जा रहे हैं। घटना के बाद पूरे इलाके को घेरकर तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। सेना और पुलिस ने मिलकर सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया है ताकि उग्रवादियों को पकड़ा जा सके।
इलाके में तलाशी अभियान जारी है- पीआरओ गुवाहाटी
रक्षा जनसंपर्क अधिकारी गुवाहाटी के अनुसार, 'इलाके को पूरी तरह से सैनिटाइज कर दिया गया है और तलाशी अभियान जारी है। सेना ने नागरिकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जवाबी कार्रवाई की थी।'
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हमले के बाद हाई अलर्ट पर सुरक्षा बल
काकोपाथार, तिनसुकिया जिला का एक संवेदनशील इलाका माना जाता है। इस हमले के बाद सुरक्षा बलों को हाई अलर्ट पर रखा गया है और इलाके में चौकसी बढ़ा दी गई है। स्थानीय लोगों से भी किसी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तुरंत देने की अपील की गई है।