ट्रेन रद्द होने के बाद इकट्ठा हुए प्रवासी मजदूर
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देश में जारी लॉकडाउन के बीच रोजाना प्रवासी मजदूरों के पैदल घर जाने की तस्वीरें आती रहती हैं। मजदूरों के लिए श्रमिक ट्रेनों का इंतजार जहां लंबा होता जा रहा है वहीं कई बार उनका गुस्सा भी सामने आ चुका है। ऐसा ही कुछ गुरुवार को मुंबई के कांदिवली इलाके में हुआ। जहां सैकड़ों मजदूर इकट्ठा हुए। जानकारी के अनुसार उत्तर प्रदेश जाने वाली दो ट्रेनें रद्द हो गईं जिसके बाद वे यहां पर इकट्ठा हो गए।
स्टेशन के पास बड़ी संख्या में मजदूर जुटे तो पुलिस ने सभी को मैदान में बुला लिया। यहां लाउडस्पीकर के जरिए ट्रेनें रद्द होने की घोषणा की गई। पहले कांदिवली से उत्तर प्रदेश के लिए करीब दो से तीन ट्रेनें चलने की बात की गई थी। इससे पहले मुंबई की बीईएसटी बसों के जरिए मजदूरों को यहां लाया गया और फिर उन्हें रेलवे स्टेशन के लिए भेजा गया।
जब सभी ग्राउंड पर पहुंचे तो पुलिस ने घोषणा की कि ट्रेनें रद्द हो गई हैं और सभी अपने घरों को लौट जाएं। दूसरी तरफ पश्चिम रेलवे ने दावा किया है कि कोई ट्रेन रद्द नहीं हुई है। जो सूचना दी गई थी उसी के अनुसार ट्रेनें चल रही हैं। पश्चिम रेलवे के अधिकारी की तरफ से कहा गया है कि श्रमिक ट्रेनों के चलने का एक नियम है।
उन्होंने बताया कि पहले राज्य सरकार हमें मजदूरों की सूची देती है और बताती है कि ट्रेन को कहां जाना है। जब पूरी तैयारी कर ली जाती है तो हम राज्य सरकार को सूचित कर देते हैं। बता दें कि देश के अलग-अलग हिस्सों में श्रमिकों की वापसी के लिए श्रमिक स्पेशल ट्रेनें चलाई जा रही हैं। राज्य सरकार की सिफारिशों और दोनों राज्यों की सहमति के आधार पर ट्रेनों को चलाया जा रहा है।